कानपुर। बंगाल की खाड़ी में एक नया चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय हो गया है। इसका अधिक असर कानपुर परिक्षेत्र पर तो नहीं आएगा लेकिन इसकी वजह से बादलों की आवाजाही रहेगी। इससे उमस खत्म हो जाएगी। इसके साथ ही स्थानीय स्तर पर छिटपुट बूंदाबांदी हो सकती है। अगर हवाओं का रुख बदला तो मौसम में अचानक तब्दीली आ जाएगी।
चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विवि के मौसम विभाग के नोडल एवं तकनीकी अधिकारी अजय मिश्रा ने बताया कि चक्रवाती परिसंचरण 11 अक्तूबर को अंडमान सागर में प्रवेश कर चुका है। आईएमडी के अनुसार इससे पूर्वी बंगाल की खाड़ी में एक नया निम्न दबाव का क्षेत्र बनने जा रहा है। इसके साथ ही देश में एक पश्चिमी विक्षोभ भी सक्रिय है। इन दोनों प्रणालियों के आपस में मिलने के कारण अगले चार से पांच दिनों में पूरे देश में व्यापक बारिश और कुछ हिस्सों में भारी से मूसलाधार बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। प्रदेश के पश्चिमी और पूर्वी हिस्से के कई जिलों में बादलों की आवाजाही के साथ हल्की से मध्यम बारिश होगी। पश्चिमी विक्षोभ के असर से उत्तराखंड समेत विभिन्न ऊंचाई वाले इलाकों में बारिश के साथ-साथ बर्फबारी भी देखने को मिल सकती है। 13 से 16 अक्टूबर बीच जैसे ही बंगाल की खाड़ी में यह निम्न दबाव पूरी तरह आकार लेगा, वैसे ही विभिन्न प्रांतों में मूसलाधार बारिश की संभावना है। कानपुर परिक्षेत्र में बादलों की आवाजाही बढ़ जाएगी।