फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Chitrakoot: मंदाकिनी में डुबकी लगाकर चतुर्लिंग स्वरूप के दर्शन करने पहुंचे हजारों शिवभक्त, गूंजे जयकारे

Mon, 03 Aug 2026 12:02 PM IST
प्रसून शुक्ला न्यूज डेस्क, अमर उजाला,चित्रकूट

सार

Chitrakoot News: सावन के पहले सोमवार पर धर्मनगरी चित्रकूट शिवभक्ति में सराबोर नजर आई। सुबह चार बजे से ही प्रमुख शिवालयों में श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लग गईं। 'हर-हर महादेव' और 'बम-बम भोले' के जयघोष से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा।
विज्ञापन
शिवभक्ति में डूबी धर्मनगरी - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सावन मास के पहले सोमवार के पावन अवसर पर धर्मनगरी चित्रकूट में आस्था का अद्भुत नजारा देखने को मिला। तड़के से ही 'हर-हर महादेव' और 'बम-बम भोले' के जयघोषों से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा। सुबह चार बजे से ही प्रमुख शिवालयों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जुटने लगी, जिससे पूरी धर्मनगरी शिव भक्ति के रंग में डूबी नजर आई।

विज्ञापन

मतगजेंद्रनाथ मंदिर में उमड़ा भक्तों का तांता

रामघाट स्थित अति प्राचीन मतगजेंद्रनाथ मंदिर में श्रद्धालुओं का सबसे बड़ा जमावड़ा देखा गया। तड़के सुबह से ही हजारों भक्तों ने पवित्र मंदाकिनी नदी में आस्था की डुबकी लगाई और जल लेकर मंदिर परिसर पहुंचे। श्रद्धालुओं ने कतारबद्ध होकर भगवान भोलेनाथ को जल, दूध, बेलपत्र, धतूरा व पूजन सामग्री अर्पित की और परिवार की सुख-समृद्धि व मंगलकामना की।

एक गर्भगृह में विराजते हैं चार शिवलिंग, जानें धार्मिक महत्व

मतगजेंद्रनाथ मंदिर की विशेष मान्यता है कि यहाँ एक ही गर्भगृह में चार शिवलिंग विराजमान हैं, जिन्हें चतुर्लिंग स्वरूप माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, ये चारों शिवलिंग सतयुग, त्रेतायुग, द्वापरयुग और कलियुग के प्रतीक हैं।

माना जाता है कि इनके एक साथ दर्शन व पूजन से चारों युगों के पुण्य की प्राप्ति होती है। पौराणिक कथाओं के अनुसार, इन अत्यंत प्राचीन शिवलिंगों की स्थापना स्वयं ब्रह्मा जी ने की थी, जो रामेश्वरम स्थित शिवलिंग से भी प्राचीन माने जाते हैं।

जिले के अन्य शिवालयों में भी रही भारी भीड़

मतगजेंद्रनाथ मंदिर के अलावा कर्वी स्थित गुलजारी वाले शिव मंदिर, पहाड़ी के पालेश्वर नाथ मंदिर, और मानिकपुर के प्रसिद्ध सोमनाथ मंदिर समेत जिले भर के प्रमुख शिवालयों में दिनभर श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। भक्तों ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना और रुद्राभिषेक कर भगवान शिव का आशीर्वाद प्राप्त किया।

विज्ञापन

प्रशासन की ओर से रहे कड़े सुरक्षा इंतजाम

सावन के पहले सोमवार को देखते हुए जिला व पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुगम दर्शन के लिए प्रमुख मंदिरों में पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की गई थी। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए बैरिकेडिंग, पेयजल व्यवस्था और यातायात को सुचारु रखने के विशेष प्रबंध किए गए थे।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें