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मोदी के आयुष्मान का क्लेम लेने में यूपी में टॉप पर है ये अस्पताल, आप भी ऐसे उठा सकते हैं फायदा

Mon, 03 Jun 2019 01:31 PM IST
शिखा पांडेय यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : गूगल
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आयुष्मान भारत योजना का क्लेम लेने में कानपुर के मेडिकल कॉलेज के कार्डियोलॉजी इंस्टीट्यूट ने प्रदेश के सभी चिकित्सा संस्थान और मेडिकल कॉलेजों को पछाड़ दिया है। कार्डियोलॉजी को शनिवार तक 90 लाख रुपये क्लेम मिल चुका है।
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इसके साथ ही कार्डियोलॉजी ने आयुष्मान रोगियों के इलाज के दौरान क्लेम के संबंध में जो प्रक्रिया अपनाई है शासन उसे पूरे प्रदेश में लागू करेगा। इस संबंध में इंस्टीट्यूट के निदेशक प्रोफेसर विनय कृष्णा ने 10 बिंदु का एक्शन प्लान महानिदेशक चिकित्सा शिक्षा को भेजा है।

कार्डियोलॉजी में अभी तक पांच सौ आयुष्मान रोगियों का इलाज हुआ। इनका डेढ़ करोड़ रुपये क्लेम बनता है  इंस्टीट्यूट ने शासन को भेजी अपनी कार्ययोजना में बताया कि बहुत से लाभार्थियों को अभी योजना की पूरी जानकारी नहीं है।

जानकारी देने के लिए सोशल मीडिया को जरिया बनाया गया है। सारे ग्राम प्रधानों को इस संबंध में व्हाट्सएप पर मैसेज भेजे जाते हैं। आयुष्मान डेस्क सूची में बराबर लाभार्थियों को सर्च करती है। ओपीडी में आयुष्मान रोगियों के लिए अलग से ‘मे आई हेल्प यू आयुष्मान सेवा केंद्र’ काउंटर बनाया गया है।
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एलेक्टिव एंजियोग्राफी के पैकेज की जरूरत
आयुष्मान योजना के तहत एलेक्टिव एंजियोग्राफी का पैकेज शामिल नहीं किया गया है। इस पर शासन से मांग की गई है कि एलेक्टिव एंजियोग्राफी के पैकेज को योजना के पैकेज में शामिल किया जाए। इस पैकेज के लिए आठ हजार रुपये धनराशि तय करने का सुझाव दिया गया है। अभी एंजियोग्राफी के बाद योजना का लाभ मिलना शुरू होता है।

आयुष्मान क्लेम में हैलट फिसड्डी
आयुष्मान क्लेम हासिल करने में हैलट अस्पताल फिसड्डी है। अस्पताल में अभी तक एक हजार से अधिक रोगियों का इलाज हो चुका है लेकिन अभी तक मुश्किल से क्लेम के 20 लाख रुपये ही मिल पाए हैं। कुल क्लेम 50 लाख रुपये का भेजा गया है। अभिलेख पूरे न होने की वजह से क्लेम भरा नहीं जा पा रहा है। जो क्लेम भेजा गया है उसमें लगातार पूछताछ हो रही है। मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. एसके सिंह ने बताया कि सवालों का बराबर जवाब दिया जा रहा है।
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