कानपुर में चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जय प्रताप सिंह शनिवार को जैसे ही जिला अस्पताल उर्सला पहुंचे बरामदे में पड़े मरीज को देखकर रुक गए। मरीज फ र्श पर पड़ा तड़प रहा था। वह उसके पास गए और नाम पूछा। उसने अपना नाम विक्की बताया। यह देख अधिकारियों में अफरा-तफरी मच गई।
वे मंत्री को बताने लगे कि रोगी साइकिल स्टैंड वाले का रिश्तेदार है। वार्ड में भर्ती है, यहां उठकर आ गया। तभी जगई पुरवा के अमित मंत्री से अपनी पीड़ा बताने लगे। बोले कि उनकी मां की हालत गंभीर है और डॉक्टर बाहर रेफर कर रहे हैं। इस पर मंत्री ने मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. शैलेंद्र तिवारी से नाराजगी जाहिर की।