डेरापुर। सिकंदरा थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी शिक्षक ने बुधवार दोपहर को कानपुर-इटावा हाईवे के कौरौवा ओवरब्रिज के नीचे तीन से चार लोगों पर मारपीट कर नकदी व जंजीर छीनने का आरोप लगाया था। मामले में सिकंदरा व डेरापुर थाना क्षेत्र के बीच हुए सीमा विवाद के चलते बृहस्पतिवार को एएसपी आलोक प्रसाद ने मौके पर पहुंचकर घटना स्थल पर छानबीन की और सीमा विवाद को समाप्त कर डेरापुर थाना पुलिस को जांच के निर्देश दिए।
एएसपी आलोक प्रसाद, सीओ डेरापुर धर्मेंद्र सिंह रघुवंशी, सीओ सिकंदरा सौरभ वर्मा ने बृहस्पतिवार दोपहर को कौरौवा पहुंचे। यहां उन्होंने सिकंदरा थाना क्षेत्र के सहजपुर निवासी शिक्षक विनोद बाबू को मौके पर बुलाया और घटना को लेकर छानबीन की। साथ ही आसपास के दुकानदारों से भी पूछताछ की और डेरापुर थानाध्यक्ष धीरेंद्र सिंह को मामले की जांच के निर्देश दिए। इसके बाद डेरापुर थानाध्यक्ष ने पीड़ित शिक्षक को थाना बुलाकर घटना को बयान दर्ज करने के साथ छानबीन शुरू की है। बता दें कि विनोद बाबू कुशवाहा ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि वह डेरापुर थाना क्षेत्र के कांधी स्थित श्रीजगदीश नारायण भगतनारायण इंटर कॉलेज में शिक्षक है।
बुधवार दोपहर को वह साथी शिक्षक प्रेम कुमार दीक्षित के साथ बाइक से घर लौट रहे थे। दोपहर करीब 02:10 बजे पर कौरौवा ओवरब्रिज के नीचे पहुंचने पर वहां मौजूद तीन से चार लोगों ने रुकने का इशारा किया। उन्होंने मदद मांगने के लिए रोका जाना समझ कर बाइक रोक दी। बाइक रोकते ही बदमाशों ने उनके साथ मारपीट कर जेब में पड़े वेतन के 20 हजार रुपये व जंजीर छीन ली। इसके बाद कुछ बदमाश बाइक से भाग निकले। उन्होंने बाइक का नंबर नोट करने के साथ घटना की जानकारी डायल 112 पर पुलिस को दी।
मामले में सिकंदरा थानाध्यक्ष सुधाकर सिंह ने पीड़ित की ओर से तहरीर दिए जाने से इन्कार किया था। वहीं, डेरापुर थानाध्यक्ष धीरेंद्र सिंह ने घटना सिकंदरा थाना क्षेत्र की होने की बात कही थी। डेरापुर थानाध्यक्ष ने बताया कि प्रथम दृष्टया घटना संदिग्ध है। पुलिस की ओर से घटना के दौरान ओवरब्रिज के पास मौजूद लोगों के पूछताछ की है। लोगों ने शिक्षक के साथ कोई भी घटना होने से इन्कार किया है। छानबीन में पारिवारिक विवाद की बात भी सामने आई है। आशंका है कि मनगढ़ंत कहानी बनाकर घटना दर्शाने का प्रयास किया गया है। मामले की जांच पूरी होने पर ही घटना की वास्तविकता स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल पीड़ित की ओर से प्राथमिकी दर्ज नहीं कराई गई है।