वह ज्यादा किसी से बात नहीं कर रही थी। घर के सभी लोगों ने उसे काफी समझाया भी था। रविवार रात करीब आठ बजे निक्की खाना खाकर कमरे में सोने चली गई थी। रात करीब 10 बजे बाहर से लौटे पिता खाना खाने के लिए बेटी को बुलाने पहुंचे।
दरवाजा नहीं खुला तब उन्होंने धक्का मारा, तो अंदर से कुंडी लगी थी। घटना के वक्त मकान के नीचे वाले हिस्से में छात्रा की मां मीरा, दादी और छोटा भाई शिवम थे, लेकिन किसी ने भी गोली चलने की आवाज नहीं सुनीं। उसकी मौत से मां मीरा छोटे भाई शिवम सहित अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
एएसपी असीम चौधरी ने बताया कि सूचना मिली थी कि एक युवती ने पिता की लाइसेंसी रिवॉल्वर से आत्महत्या कर ली। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर तत्काल पोस्टमार्टम कराया गया है। मामले की जांच की जा रही है। घटना को लेकर परिजनों से भी जानकारी ली जा रही है।
दस दिन में लाइसेंसी शस्त्र से दूसरी मौत
सुरक्षा के लिए गए लाइसेंसी शस्त्र अपने ही परिवार के लिए घातक साबित हो रहे हैं। लाइसेंसी शस्त्र से दस दिन में ये दूसरी घटना है। इससे पहले 27 अप्रैल को गोपाल गंज निवासी शिक्षक टिंकू यादव की दोनाली लाइसेंसी बंदूक से 45 वर्षीय पत्नी प्रीति यादव की गोली लगने से मौत हो गई थी।
इसमें शिक्षक पर ही गोली मारने का परिजनों ने आरोप लगाया है। अब छात्रा साक्षी शर्मा की लाइसेंसी रिवॉल्वर से गोली लगने से मौत हो गई है। सवाल ये है कि लाइसेंसी रिवॉल्वर छात्रा को मिली कैसे, जिससे उसने इतना बड़ा कदम उठा लिया।