कानपुर देहात। बिकरू मामले की सुनवाई एंटी डकैती कोर्ट में चल रही है। बुधवार को मामले में बचाव पक्ष की जिरह में गवाह ने कहा कि आरोपी संजू उर्फ संजय दुबे हिस्ट्रीशीटर था पर कितने मुकदमों में था मुझे याद नहीं। वहीं आरोपी क्षमा दुबे पर अपने कार्यकाल दौरान कोई मुकदमा न होने की बात कही है। अब अदालत ने शेष जिरह के लिए 13 अक्तूबर की तिथि नियत की है।
चौबेपुर थाना क्षेत्र के बिकरू गांव में दो जुलाई 2020 को दबिश देने गई पुलिस टीम पर विकास दुबे गैंग ने फायरिंग कर दी थी। घटना में आठ पुलिस कर्मियों की मौत हो गई थी, जबकि कई घायल हो गए थे। इस मामले की सुनवाई एंटी डकैती कोर्ट में चल रही है। मामले में अभियोजन गवाह दरोगा कुंवरपाल से बचाव पक्ष की जिरह चल रही है। बुधवार को आरोपी शिवम दुबे, बालगोविंद, विपुल दुबे, संजू उर्फ संजय दुबे व क्षमा दुबे की ओर से अधिवक्ता प्रेमचंद्र त्रिपाठी ने अभियोजन गवाह से जिरह की। गवाह ने बचाव पक्ष के कई सवालों का जवाब जहां एक ओर बिल्कुल सधा हुआ दिया तो वहीं कुछ सवालों के जवाब में समय याद न होने की बात कही। बचाव पक्ष ने गवाह से सवाल किया कि आरोपी संजू उर्फ संजय दुबे कितने मुकदमों में हिस्ट्रीशीटर था, इसके जवाब में गवाह ने कहा कि इस समय उसे याद नहीं है। वहीं बचाव पक्ष ने आरोपी क्षमा दुबे पर घटना के पहले दर्ज मुकदमे के संबंध में सवाल किए। जिस पर गवाह ने कहा कि मेरे कार्यकाल के दौरान क्षमा दुबे पर कोई मुकदमा नहीं था। सहायक शासकीय अधिवक्ता प्रशांत कुमार मिश्रा ने बताया कि बचाव पक्ष की जिरह पूरी न होने पर शेष जिरह के लिए अगली सुनवाई 13 अक्तूबर को होगी।