बांदा जिले में तथागत ज्ञान स्थली हॉस्टल में रह रहे दो किशोरों के साथ कुकर्म के मामले में हॉस्टल वार्डन को अदालत ने 20 साल कारावास और 29 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। जुर्माना अदा न करने पर छह माह अतिरिक्त जेल भुगतनी होगी। विशेष अभियोजक रामसुफल सिंह व कमल सिंह गौतम ने बताया कि अतर्रा थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी छात्र के पिता ने 24 अप्रैल 2017 को रिपोर्ट दर्ज कराई कि पुत्र और उसका दोस्त तथागत ज्ञान स्थली के हॉस्टल में रहते थे।
हॉस्टल वार्डन रामरतन उर्फ बाबा अंकल निवासी खम्हौरा ने धमकाकर पुत्र और उसके दोस्त के साथ कुकर्म किया। पुलिस ने प्रबंधक, प्रधानाचार्य व हॉस्टल वार्डन के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज की। विवेचना में हॉस्टल वार्डन दोषी पाया गया और आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया। प्रबंधक व प्रधानाचार्य को क्लीनचिट दे दी गई। अभियोजन की ओर से छह गवाह पेश किए गए।
बुधवार को विशेष न्यायाधीश (पाक्सो) अनु सक्सेना ने पत्रावलियों का अवलोकन किया और दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की दलीलें सुनीं। साक्ष्यों के आधार पर हॉस्टल वार्डन रामरतन उर्फ बाबा अंकल को 20 वर्ष जेल की सजा सुनाई। अन्य धाराओं में भी जेल और जुर्माना किया गया। सभी सजाएं साथ चलेंगी। पुलिस अभिरक्षा में दोषी को जेल भेज दिया गया।