औरैया जिले के बिधूना कस्बे में हैदराबाद से आए एक परिवार को तहसील प्रशासन ने गयादीन महाविद्यालय के शेल्टर होम में रखा था। इस परिवार को ड्यूटी में तैनात कर्मियों ने राशन किट देकर वहां से पैदल घर के लिए रवाना कर दिया। इसकी सूचना लगने पर तहसील प्रशासन ने उसे भगत सिंह चौराहे पर रोककर बस से उसके गंतव्य के लिए भेजा।
इस संबंध में एसडीएम राशिद अली ने ड्यूटी में लगे कर्मचारियों से बात कर नायब तहसीलदार से स्पष्टीकरण मांगा है। हैदराबाद से शेर सिंह पुत्र जगदीश, अपनी पत्नी सुमन व अपने बच्चों समेत बिधूना आया था। यहां प्रशासन ने उसे थर्मल स्क्रीनिंग के बाद शेल्टर होम में रोक दिया। उसे यहां राशन किट भी दी गई। मंगलवार को वह शेल्टर होम से निकल कर अपने घर सहायल रोड जा रहा था। तभी इसकी जानकारी एसडीएम राशिद अली को मिल गई।
जिस पर राशिद अली, तहसीलदार गौतम सिंह, नायब तहसीलदार अभिनय वर्मा व क्षेत्राधिकारी मुकेश प्रताप सिंह समेत आला अधिकारी भगत सिंह चौराहे पर पहुंचकर शेरसिंह से बात की। शेर सिंह ने अधिकारियों को बताया कि सोमवार को सुबह अनंतराम टोल प्लाजा से बस द्वारा बिधूना क्षेत्र के गयादीन महाविद्यालय में शेल्टर होम में भेजा गया था। वहां पर पूरे दिन रुकने के बाद शाम को थर्मल स्क्रेनिंग कराकर व राशन सामग्री देकर पैदल ही घर जाने के लिए कह दिया।
वहां पर मौजूद लोगों ने बताया कि यहां पर कोई वाहन नही है। जिससे आप लोगो को भेजा जाए। आप लोग पैदल या फिर अपने अपने वाहनों से घर जाएं। एसडीएम राशिद अली ने बताया कि नायब तहसीलदार से स्पष्टीकरण मांगा गया है। स्पष्टीकरण मिलने के बाद दोषियों के खिलाफ कार्रवाई भी की जाएगी।