उत्तर प्रदेश के तेज गेंदबाज अंकित राजपूत ने सोमवार को अचानक क्रिकेट से संन्यास की घोषणा कर दी। उनके इस फैसले के पीछे यूपीसीए की ओर से सोमवार को घोषित हुई विजय हजारे ट्रॉफी की टीम में स्टैंड बाई में स्थान दिया जाना माना जा रहा है। उन्होंने आईपीएल, यूपी टी-20 और उत्तर प्रदेश के लिए रणजी मैच खेले हैं।
अंकित ने इस पर कोई भी टिप्पणी न करते हुए कहा कि यह उनका निजी फैसला है। उम्मीद थी कि उन्हें टीम में स्थान मिलेगा, लेकिन ऐसा संभव न हो पाया, जिसके बाद उन्होंने भारी मन से यह कदम उठाया है। अंकित ने एक्स अकाउंट पर अपने संन्यास की घोषणा करते हुए उन सभी को धन्यवाद दिया है, जिन्होंने क्रिकेट के उनके सफर में योगदान दिया।
अंकित के इस कदम के बाद एक बार फिर यूपीसीए की चयन प्रणाली पर सवाल खड़े होने लगे हैं। सीनियर टीम में लचर प्रदर्शन के चलते ही यूपीसीए को रणजी में आर्यन जुयाल, टी-20 में भुवनेश्वर और सोमवार को वनडे टीम के लिए रिंकू सिंह को कप्तान बनाना पड़ा है। सोमवार को घोषित टीम में कई नाम ऐसे शामिल किए हैं, जिन्होंने अब तक कुछ खास प्रदर्शन नहीं किया है। दूसरी ओर 19 सदस्यीय टीम के बावजूद पांच नेट बॉलर और चार स्टैंड बाई खिलाड़ियों को रखा जाना जुगाड़ वाले खिलाड़ियों को टीम में रखने की ओर इशारा कर रहा है।
यूपीसीए में बिना पंजीकरण कराए भी एक खिलाड़ी टीम में शामिल
सूत्रों की मानें तो रणजी और विजय हजारे ट्राफी में एक खिलाड़ी ऐसा भी है, जो बिना यूपीसीए में पंजीकरण कराए टीम में शामिल कर लिया गया। इसी को देखते हुए यूपीसीए दिसंबर से ही नए सत्र के रजिस्ट्रेशन शुरू करने जा रहा है। वहीं, रविवार रात जब विजय हजारे ट्राफी के लिए टीम को लेकर मंथन चल रहा था, उस समय यूपीसीए के एक बड़े पदाधिकारी ने भी दखल दिया, जो पहले भी हस्तक्षेप कर अपने जिले के खिलाड़ियों को टीम में रखवाने के लिए अड़ियल रवैया अपनाते रहे हैं। सीनियर टीम के नए डायरेक्टर के हस्ताक्षर से टीम घोषित करना भी इसमें शामिल रहा।
80 फर्स्ट क्लास मैच में लिए 248 विकेट
कानपुर के अंकित ने इंडिया-ए के अलावा आईपीएल में राजस्थान रॉयल्स, चेन्नई सुपरिकंग्स, किंग्स इलेवन पंजाब, कोलकाता नाइटराइडर्स, लखनऊ सुपरजायंट्स, यूपी टी-20 लीग के अलावा उत्तर प्रदेश टीम का प्रतिनिधित्व किया है। वह यूपी टीम के कप्तान भी रह चुके हैं। अंकित ने अपने कैरियर में 80 फर्स्ट क्लास मैचों में 248, 50 लिस्ट ए मैचों में 71 और 87 टी-20 मैचों में 105 विकेट लिए हैं। रणजी के इस सीजन में वह शुरुआती मैचों में घायल हो गए थे। कुछ समय पहले ही वह फिट होकर लौटे हैं।