कानपुर। जर्जर केपीएम अस्पताल भवन को गिराने की प्रक्रिया तेज करने के लिए शासन ने अस्पताल प्रशासन से ध्वस्तीकरण के संभावित खर्च का ब्योरा मांगा है। मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. एसके शर्मा ने बताया कि तकनीकी जानकारी उपलब्ध कराने के लिए सीएमओ को पत्र लिखा गया है, लेकिन अभी तक कोई टीम निरीक्षण के लिए नहीं पहुंची है। अस्पताल में 70 बेड हैं और रोजाना 400 से 500 मरीज ओपीडी में आते हैं। भवन गिराए जाने के दौरान स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित न हों, इसके लिए वैकल्पिक व्यवस्था पर विचार हो रहा है। उपकरणों और स्टाफ को दक्षिण क्षेत्र के 100 बेड वाले अस्पताल में शिफ्ट करने की चर्चा है। हालांकि इस पर अभी आधिकारिक मुहर लगना बाकी है। (संवाद)