‘अमर उजाला’ के ‘बेटी ही बचाएगी’ अभियान से समाज के हर वर्ग को जुड़ना चाहिए। इस अभियान को चलाने के लिए ‘अमर उजाला’ की तहे दिल से तारीफ करनी होगी।
आज बेटी मां-बाप, समाज और देश की शान बन चुकी हैं। आज के युग में इस बात को सभी को समझना होगा।’ तेरापंथ समाज के अग्रणी आचार्यश्री महाश्रमण ने यह कहते हुए समाज के सभी वर्गों से बेटियों की रक्षा करने का आह्वान किया है।
जैन मंदिर आनंदपुरी में चल रहे मर्यादा महोत्सव में व्यापारी सम्मेलन के दौरान आचार्यश्री महाश्रमण ने ‘अमर उजाला’ से विशेष बातचीत की। उन्होंने कहा कि कन्या भ्रूण हत्या निंदनीय है।
राजस्थान में मैंने करीब एक लाख लोगों को संकल्प दिलाया था कि कन्या भ्रूण हत्या न करें। कहा कि आज बेटी का जन्म होने पर मां-बाप को खुश होना चाहिए।
राजनीति, समाजसेवा, खेल, सिविल सर्विसेज, शिक्षा के क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभाकर वे अपने मां-बाप की शान बन चुकी हैं। आज लड़कियां बंगलूरू, चेन्नई, दिल्ली के अलावा अमेरिका और ब्रिटेन पढ़ने जा रही हैं।
मल्टीनेशनल कंपनियों में कार्यरत हैं। जो लोग इस बात को समझेंगे, निश्चित रूप से उनकी जिंदगी अच्छी होगी। अब समय बदल चुका है। इसलिए लोग भी अपनी सोच में परिवर्तन करें।
कन्या भ्रूण हत्या रोकने के लिए समाज में जागरूकता बहुत जरूरी है और इस काम में ‘अमर उजाला’ के साथ वह भी समाज को जागरूक करेंगे।
हमारे तेरापंथ समाज की महिला सदस्य भी कन्या भ्रूण हत्या के बारे में लोगों को जागरूक कर रही है। अहिंसा यात्रा के बाद जल्द ही इस ओर भी मिलकर काम किया जाएगा।