उन्नाव। यूपी बोर्ड परीक्षा का मूल्यांकन शुक्रवार से शुरू होगा। शहर के दो मूल्यांकन केंद्रों पर 3.96 लाख उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य पंद्रह दिनों तक चलेगा। केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरों के साथ ही एसटीएफ व एलआईयू का पहरा रहेगा। वहीं परीक्षक व सहायक परीक्षक स्मार्ट मोबाइल साथ नहीं रख सकेंगे। डीआईओएस ने 1453 परीक्षक को मूल्यांकन की जिम्मेदारी दी है।
हाईस्कूल व इंटर परीक्षार्थियों की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य पारदर्शिता के साथ संपन्न कराना अधिकारियों के लिए कड़ी चुनौती है। शहर के राजकीय इंटर कॉलेज में हाईस्कूल व राजकीय बालिका इंटर कॉलेज को इंटर का मूल्यांकन केंद्र बनाया गया है। गुरुवार को डीआईओएस ने मूल्यांकन केंद्रों का सघन निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान जो भी खामियां मिली उन्हें नियंत्रक (प्रधानाचार्य) को तत्काल ठीक कराने के आदेश दिए। डीआईओएस ने बताया कि मूल्यांकन में किसी तरह की लापरवाही न हो। इसकी मानीटरिंग के लिए खास रणनीति बनाई गई है। बताया कि दो मूल्यांकन केंद्रों पर उप प्रधान परीक्षक 162 परीक्षक व 1453 परीक्षक 3,96,561 उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन करेंगे। बताया कि मूूल्यांकन केंद्रों की निगरानी उप नियंत्रक (प्रधानाचार्यों) को सौंपी गई हैं।
मूल्यांकन पारिश्रमिक में नहीं हुआ बदलाव
उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन करने वाले परीक्षकों व सहायक परीक्षकों के पारिश्रमिक में कोई बदलाव नहीं किया गया है। इस बार भी इंटर मे प्रति कापी 12 रुपये व हाईस्कूल में प्रति कापी 10 रुपये का पारिश्रमिक परीक्षकों को दिया जाएगा। जिसका ब्योरा डीआईओएस कार्यालय में तैयार किया जा रहा है।
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ नहीं करेगा मूल्यांकन
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ जिलाध्यक्ष देवस्वरूप त्रिवेदी ने मूल्यांकन कार्य के बहिष्कार की घोषणा की है। कहा कि जब तक सरकार अद्यतन कार्यरत तदर्थ शिक्षक व पुरानी पेंशन बहाली की मांग को पूरी नहीं करेगी। तब तक बहिष्कार जारी रहेगा। संगठन की चेतावनी से मूल्यांकन प्रभावित होने की आशंका से अधिकारियों में अफरा तफरी का माहौल बना है।
-एक नोडल केंद्र पर हाईस्कूल व दूसरे नोडल केंद्र पर जांची जाएंगी इंटर की कापियां
-डीआईओएस ने की तैयारी, उप नियंत्रक की निगरानी में परीक्षक जांचेंगे कापियां