अमर उजाला ब्यूरो
कमासिन। प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना में पात्रता का सत्यापन करने गए दो ग्राम पंचायत सचिवों को ग्रामीणों ने बंधक बनाकर पिटाई की। सरकारी दस्तावेज भी फाड़ डाले। जानकारी पर गांव पहुंचे बीडीओ से भी नोकझोंक हुई। पुलिस ने सचिवों को छुड़वाया। तहरीर के आधार पर 7 के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज किया गया है।
कमासिन ब्लाक के मजरा बाबू पुराव में ग्राम पंचायत विकास अधिकारी प्रभाकर प्रसाद पटेल व ग्राम पंचायत विकास अधिकारी अमीनदु्दीन गुरुवार को देर शाम सत्यापन करने गए थे। गांव के रामप्रकाश पुत्र शिवबालक के आवास के पास पहुंचे तो हैंडपंप सही न कराने को लेकर विवाद इतना बढ़ा कि दोनों में गाली-गलौच शुरू हो गई। सचिव प्रभाकर को कुछ लोगों ने पीटकर घायल कर दिया। अमीनुद्दीन ने बचाने का प्रयास किया तो उसकी भी पिटाई की।
दोनों सचिवों को घर में बंधक भी बना लेने का आरोप है। सूचना पर बीडीओ कमासिन शहरयार खां पहुंचे तो ग्रामीणों ने उनसे भी तीखी नोकझोंक की। बीडीओ ने फोन पर पुलिस को सूचना दी। पुलिस के पहुंचने पर दोनों बंधक छूटे। सचिव की तहरीर पर पुलिस ने रामप्रकाश, उदयभान, चंद्रभान व उसकी पत्नी रामकली, कुलदीप, दीपक, ज्ञानश्री पत्नी रामप्रसाद के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। उधर, ग्रामीणों का कहना है कि पुरुषों की गैरमौजूदगी में सचिवों ने घर में घुसकर महिलाओं से बदसलूकी की। इसी में विवाद हुआ है। मारपीट के आरोप को गलत बताया।
-सरकारी दस्तावेज फाड़े, बीडीओ से भी नोकझोंक
-पुलिस ने छुड़वाया, 7 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट