मूसानगर। ईर्ष्या व अहंकार जैसी विकृतियां कथा के माध्यम से ही दूर हो सकती है। यह बात प्रदेश के औद्योगिक मंत्री सतीश महाना ने कही। वह कस्बा के अखंड परमधाम में अच्युता नंद शास्त्री के 26वें निर्वाण दिवस पर आयोजित भक्ति योग वेदांत संत सम्मेलन में बोल रहे थे। इस मौके पर केंद्रीय मंत्री साध्वी निरंजन ज्योति ने दुशाला भेंट कर स्वागत किया।
उन्होंने कहा कि ये मंच श्रीमद्भागवत कथा की व्यास गद्दी है जो राजनैतिक नहीं होती है। यह हमारे धर्म के प्रति आस्था है। माता का प्रेम एकतरफा होता वह बच्चे को सारे सुख देती है। लेकिन बच्चों से सुख की कामना नहीं करती। विश्व की अन्य जैविक प्रजातियां स्थाई रूप से जो है वहीं होकर जीवन व्यापन करती है। उन्होंने कहा ईर्ष्या,अ ंहकार जैसी विकृतियां कथा के माध्यम से ही दूर हो सकती है। कथा यात्रा असत्य पर सत्य की विजय है। कार्यकर्ताओं ने उनका माल्यार्पण कर स्वागत किया। आयोजक एवं कथा वाचक केन्द्रीय मंत्री साध्वी निरंजन ज्योति ने प्रवचन करके महाना को स्मृति चिन्ह भेंट किया।