अमर उजाला ब्यूरो
बांदा/खत्रीपहाड़। खेत में युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। परिवारीजनों के मुताबिक भाई का इलाज कराने के लिए पैसों की व्यवस्था न होने से काफी तनाव में था। पुलिस ने घटनास्थल पर जांच की। एक दूसरी घटना में घर के पशुबाड़े में वृद्धा ने फांसी लगाकर जान दे दी।
गिरवां थाना क्षेत्र के स्योढ़ा गांव में कल्लू (27) पुत्र रामेश्वर नाई ने सोमवार को सुबह खेत में बबूल के पेड़ में प्लास्टिक की रस्सी का फंदा बनाकर फांसी लगा ली। दूसरे खेतों में काम कर रहे ग्रामीणों ने शव लटकता देख तत्काल पुलिस व परिजनों को सूचना दी।
अकबरपुर चौकी प्रभारी ने मौका मुआयना किया। मृतक के भाई संतोष ने बताया कि बड़ा भाई बबलू सूरत में रहकर रिक्शा चलाता है। एक माह पहले घर में गिर पड़ने से उसका पैर टूट गया था। उसका आपरेशन होना है लेकिन पैसे का इंतजाम नहीं हो पा रहा था। छोटा भाई कल्लू भी सूरत में रहता था। हाल ही में गांव लौटा था। सभी भाइयों के नाम संयुक्त रूप से 11 बीघा जमीन है। मृतक की शादी एक वर्ष पूर्व हुई थी।
उधर, एक दूसरी घटना में तिंदवारी थाना क्षेत्र के पिपरगवां गांव निवासी भुलिया (65) पत्नी छेदुवा ने सोमवार की सुबह घर के पशुबाड़े में छप्पर पर रस्सी बांध कर फांसी लगा ली। उसकी वहीं मौत हो गई। पुत्र दीनदयाल ने बताया कि मानसिक संतुलन ठीन न होने पर वह पशुबाड़े में अकेली रहती थी। घटना से पहले वह मां को खाना-पानी देकर लौट गया था। कुछ देर बाद दोबारा जाने पर वह फंदे से लटकी मिली। प्रभारी थानाध्यक्ष विनोद कुमार ने बताया कि जांच की जा रही है। शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।