फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

31 मेट्रो स्टेशन, 35 किमी लंबाई

Wed, 17 Feb 2016 01:42 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/कानपुर
विज्ञापन
विज्ञापन
शहर में मेट्रो स्टेशन के आसपास शॉपिंग कांप्लेक्स भी बनेंगे। इसके लिए 25 स्थान चिह्नित किए गए हैं। इसका ब्योरा केडीए को भेजा जा चुका है। पहले चरण में 10-12 शॉपिंग कांप्लेक्स बनाए जाएंगे। यूपी कैबिनेट से अनुमोदन मिलने के बाद शहर में मेट्रो ट्रेन दौड़ाने का रास्ता साफ हो गया।
विज्ञापन


कमिश्नर मो. इफ्तिखारुद्दीन ने बताया कि मेट्रो स्टेशनों के आसपास शॉपिंग कांप्लेक्स बनने से शहरवासियों को बड़ा फायदा होगा। स्टेशन के पास ही खाने, पीने और खरीददारी की सारी सुविधाएं उपलब्ध होंगी। विकास कार्यों के समन्वयक नीरज श्रीवास्तव ने बताया कि डीपीआर बनाने वाली राइट्स संस्था ने जो स्थान चिह्नित किए हैं।

उस पर केडीए रिपोर्ट बना रहा है। जैसे ही रिपोर्ट सामने आएगी, वैसे ही शॉपिंग कांप्लेक्स की संख्या निर्धारित कर दी जाएगी। इस प्रोजेक्ट को आगे बढ़ाने के लिए पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) का सहारा भी लिया जा सकता है।
विज्ञापन


बनेंगे 31 मेट्रो स्टेशन
शहर में मेट्रो के 31 स्टेशन बनेंगे। हर एक किलोमीटर पर स्टेशन बनाने की योजना है। पहला रूट आईआईटी से नौबस्ता है। इस रूट का 10 किलोमीटर लंबा ट्रैक अंडर ग्राउंड रहेगा। 15 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड ट्रैक बनेगा। दूसरे रूट (सीएसएयू से जरौली) का पांच किलोमीटर लंबा ट्रैक अंडर ग्राउंड होगा।

मेट्रो में होंगे छह डिब्बे
मेट्रो ट्रेन में छह डिब्बे होंगे, जिनमें 300 सीटें रहेंगी। इसकी अधिकतम स्पीड 64 किलोमीटर प्रति घंटा रहेगी। सामान्य स्पीड 34 किलोमीटर प्रति घंटा होगी। शहर में ही मेंटीनेंस डिपो भी बनाया जा रहा है। इसके लिए चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय की 18.5 हेक्टेयर और राजकीय पालीटेक्निक की 15.5 हेक्टेयर क्षेत्रफल जमीन तलाशी गई है।

लखनऊ मेट्रो के कानपुर तक विस्तार पर मंथन
लखनऊ मेट्रो के कानपुर तक विस्तार की संभावना तलाशी जा रही है। इसी सिलसिले में मंगलवार को समग्र विकास के समन्वयक नीरज श्रीवास्तव ने एलएमआरसी (लखनऊ मेट्रो रेल कारपोरेशन) के प्रबंध निदेशक कुमार केशव से लखनऊ में मुलाकात की।

कहा कि रैपिड रेल ट्रांजिट सिस्टम (आरआरटीएस) का तकनीकी सर्वेक्षण करा लिया जाए, ताकि विस्तार का आकलन किया जा सके। इस सिलसिले में एक कमेटी भी बनी है। कमेटी को स्टडी करके रिपोर्ट देनी है, जिसका खर्च केडीए, यूपीएसआईडीसी और लीडा को उठाना है।

समन्वयक ने बताया कि कानपुर में मेट्रो ट्रेन का काम जल्द शुरू हो सकता है। इससे स्थानीय यातायात का संकट खत्म हो जाएगा, लेकिन कानपुर से लखनऊ के बीच का संकट बरकरार रहेगा। इस रूट पर यातायात का भार ज्यादा है। मेट्रो रेल के विस्तार से यात्रियों को फायदा मिलेगा।
विज्ञापन


विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें