बड़े सपने दिखाकर युवाओं से 30 लाख रुपये ठगने के आरोपी अभिषेक वशिष्ठ को बुधवार को तिहाड़ जेल से लाकर अपर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी की कोर्ट में पेश किया गया। वशिष्ठ पर मीडिया हाउसों में चैनल हेड, संपादक और ब्यूरो चीफ बनाने के नाम पर भदोही जिले के कई युवकों को ठगने का आरोप है।
उसे पेशी के बाद शाम को ही न्यायिक अभिरक्षा में वापस तिहाड़ जेल भेज दिया गया। अभिषेक वशिष्ठ उर्फ अभिषेक शर्मा निवासी ग्रेटर नोएडा के खिलाफ सत्य प्रकाश पुत्र कैलाश निवासी भगवानपुर महराजगंज ने आरोप लगाया था कि वह वाराणसी की एक दवा कंपनी में नौकरी करता था।
तभी उसकी मुलाकात अभिषेक और एखलाक हैदर से हुई। उसने कई लोगों के साथ एक होटल में मीटिंग की। एक न्यूज चैनल में रिपोर्टर बनाने के लिए खुद को एक अखबार कंपनी का मालिक बताते हुए पैसे लिए। भुक्तभोगी को यूपी का हेड बनाया।
सरकारी विज्ञापन दिलाने का सपना दिखाकर उसने कई लोगों से डेढ़-डेढ़ लाख रुपये लिए। कुछ दिन गुजरने पर और पैसे लेता रहा। करीब एक साल बाद भी न तो किसी को विज्ञापन का पैसा मिला और न ही कोई रिपोर्टर बन सका। अक्षयदीप अखबार भी नहीं छपा। भुक्तभोगियों ने उसके एकाउंट में कुल करीब 30 लाख रुपये जमा किए, लेकिन किसी को कुछ हासिल नहीं हुआ।
इसी बीच सोशल मीडिया में ‘महिलाओं से ठगी वाला दूल्हा’ वीडियो वायरल हुआ जिसमें वह कई तलाकशुदा महिलाओं से शादी रचा रहा था। इसके बाद भुक्तभोगियों ने उसके बारे में पड़ताल की तो पता चला कि वह देश के कई शहरों में आपराधिक मामलों में वांछित है।
भुक्तभोगी ने आरोपी के खिलाफ दिसंबर 2018 में औराई थाने में मुकदमा दर्ज कराया। खोजबीन के बाद पता चला कि आरोपी महिला से दुष्कर्म और उत्पीड़न के मामले में तिहाड़ जेल में बंद है और उस पर कई मुकदमे लंबित हैं।
न्यायालय ने उसे तिहाड़ जेल से तलब करने के लिए वारंट भेजा था। जिसके बाद बुधवार को उसे तिहाड़ जेल से लाकर कोर्ट में पेश किया गया। जहां उसे न्यायिक अभिरक्षा में वापस तिहाड़ भेज दिया गया।