कानपुर के मूलगंज थाना क्षेत्र के चौक इलाके में शनिवार देर रात तीन मंजिली सुदर्शन बिल्डिंग में आग लग गई। सूचना पर पहुंची पुलिस, दमकल कर्मियों ने रेस्क्यू कर कारोबारी के परिवार के 12 लोगों को छत के रास्ते से बाहर निकाला। करीब छह घंटे में दमकल टीम आग पर काबू पा सकी। करीब दो करोड़ रुपये का माल जल गया।
शनिवार रात ढाई बजे के करीब सुदर्शन बिल्डिंग के भूतल में दुकानों में आग लग गई। कुछ ही देर में आग तीसरी मंजिल तक पहुंच गई। होजरी, छाता, और टॉर्च का कारोबार करने वाले विजय कुमार उनकी पत्नी रीता, बेटा हर्ष, भाई आनंद कुमार मिश्रा, उनकी पत्नी रीता व बेटा मधुर के अलावा भतीजा हिमांशु उनकी पत्नी सारिका और बेटी सौम्या के अलावा हिमांशु की बुजुर्ग मां क्षमा और नौकर राजीव (60) बिल्डिंग में फंस गए।
जलती हुई इमारत
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इलाकाई लोगों की सूचना पर 12 से अधिक दमकलें, सीओ राजेश पांडेय, फायर सर्विस अधिकारी सुरेंद्र चौबे भी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। सभी को छत के रास्ते बाहर निकला। रविवार सुबह साढ़े नौ बजे के करीब आग पर काबू पा लिया गया। सवा घंटे तक छटपटाते रहे परिजन बिल्डिंग में आग लगने के करीब बीस मिनट बाद परिजनों की नींद खुल चुकी थी।
दमकल कर्मी सवा तीन बजे पहुंचे और पौने चार बजे तक दूसरे की छत पर सीढ़ी लगाकर सभी को बाहर निकाला। इस दौरान सवा घंटे तक कारोबारी और उनका परिवार घर में ही छटपटाता रहा। विजय ने बताया कि तीसरी मंजिल को पूरी तरह से चपेट में नहीं ले पाई थी। तभी, दमकलकर्मी और पुलिस पहुंच गए। जवानों ने पालतू कुत्ते को भी सीढ़ी मदद से नीचे उतारा।
हालांकि तोता जिंदा जल गया। सीएफओ एमपी सिंह ने बताया कि ग्राउंड फ्लोर की गैलरी में तारों का जाल फैला था। जांच के मुताबिक यहीं पर शॉर्ट सर्किट से आग लगी। ग्राउंड फ्लोर में होजरी आदि का सामान रखा होने से आग विकराल हो गई।