बांदा जिले में अनुसूचित जाति की आठ वर्षीय बालिका के साथ दुष्कर्म में 22 वर्षीय युवक को 20 साल की कैद और एक लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई गई है। जुर्माने की 75 फीसदी राशि बालिका को मिलेगी। मरका थाना क्षेत्र के गांव में 22 जुलाई 2017 को बालिका भैंस चराने खेत गई थी।
दिन में करीब 3 बजे छोटे सिंह उर्फ अजय सिंह पुत्र गुड्डी सिंह उर्फ रामचंद्र ने उसे पकड़ लिया और हाथ-पैर बांधकर मारपीट करने के बाद दुष्कर्म किया। गंभीर अवस्था में छोड़कर फरार हो गया। बालिका की भाभी ने उसे भागते हुए देख लिया। इस पर परिजन खोजते हुए खेत में पहुंचे और बालिका को ग्रामीणों के साथ थाने लाए।
यहां से तत्काल जिला महिला अस्पताल भेज दिया गया। यहां डाक्टरी परीक्षण के बाद तीन दिन तक उपचार हुआ। बालिका के धारा 164 सीआरपीसी के तहत न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष बयान दर्ज हुए। बालिका के चचेरे भाई ने धारा 376 व 323 आईपीसी, पॉक्सो एक्ट की धारा 6 और एससीएसटी एक्ट की धारा 3 (2)(5) की रिपोर्ट दर्ज कराई।
23 जुलाई को पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। 4 फरवरी 2020 को वह हाईकोर्ट से जमानत पर जेल से बाहर आ गया। पुलिस द्वारा आरोपपत्र दाखिल करने के बाद सहायक शासकीय अधिवक्ता रामसुफल सिंह ने अपर जिला सत्र न्यायाधीश की अदालत में सात गवाह पेश किए।