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शहीद के घर आया साइबर ठग का फोन

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अमर उजाला ब्यूरो
डेरापुर (कानपुर देहात)। पुलवामा के आतंकी हमले में शहीद के परिजनों को आर्थिक मदद के नाम पर ठगी करने वाले साइबर ठग भी सक्रिय हो गए हैं। रविवार को श्यामबाबू के मोबाइल नंबर पर फोन कर साइबर ठग ने आर्थिक मदद देने का झांसा देकर पत्नी और पिता का खाता नंबर पूछा। सतर्क पिता ने कोई भी जानकारी देने से इनकार कर दिया तो ठग ने फोन काट दिया। इसके बाद शहीद के पिता ने एसडीएम को मामले की सूचना दी।


डेरापुर थाना क्षेत्र के नौनारी गांव के मजरा रैगांव के श्यामबाबू पुलवामा में हुए आतंकी हमले में शहीद हो गए हैं। सीआरपीएफ की ओर से जारी शहीद जवानों की सूची में श्यामबाबू के तीन नंबर दर्ज थे। इसमें एक नंबर श्यामबाबू के भांजे प्रिंशू (18) के पास रहता है। प्रिंसू और उसकी मां रेखा रैगांव में ही रहते हैं। रविवार को सुबह 10:14 बजे अंजान नंबर से फोन आया। फोन करने वाले ने परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त कर आर्थिक मदद का झांसा देकर शहीद की पत्नी रूबी और पिता रामप्रसाद का बैंक खाता नंबर पूछा। इस पर प्रिंशू ने मोबाइल अपने नाना रामप्रसाद को पकड़ा दिया। रामप्रसाद के पूछने पर फोन करने वाले ने खुद को गुजरात प्रदेश का बताया।
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कहाकि शहीद की पत्नी और पिता का बैंक खाता नंबर बताएं, आर्थिक मदद करना चाहते हैं। सतर्क रामप्रसाद ने किसी भी तरह की जानकारी देने से मना कर दिया। झांसे में न आता देख साइबर ठग ने फोन कट दिया। इसके बाद रामप्रसाद ने एसडीएम डेरापुर दीपाली कौशिक को सूचना दी। इस पर एसडीएम शहीद के घर पहुंचीं। उन्होंने परिवार के सदस्यों को किसी भी व्यक्ति को मोबाइल नंबर, खाता संख्या देने से मना कर दिया। एसडीएम ने कहा कि अगर कोई फोन पर आर्थिक सहायता देने की पेशकश करे तो उसे घर आकर मदद करने के लिए कहें। या फिर मदद करने वाला जिला अधिकारी या तहसील प्रशासन के माध्यम से मदद करे।



शहीद के घर आया साइबर ठग का फोन
आरपीएफ से जारी शहीदों की सूची में दर्ज नंबर पर किया फोन
क्रासर
पिता और पत्नी रूबी का बैंक खाता नंबर पूछा
सतर्क पिता ने जानकारी देने से किया इनकार
पिता की सूचना पर शहीद के घर पहुंची एसडीएम
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