घाटमपुर (कानपुर)। रेउना कस्बे में बुधवार की शाम मधुमक्खियों के हमले से एक वृद्ध गंभीर रूप से जख्मी हो गया। इलाज के लिए सीएचसी लाया गया लेकिन, उसकी मौत हो गई।
मूलरूप से गांव पारा (सरिगवां) निवासी वृद्ध गयाप्रसाद (68) रेउना कस्बे में बकरी पालन करके अपना परिवार चलाता था। बुधवार की शाम वह खारजा नहर के किनारे बकरियां चराने गया था। एक पेड़ पर लग्गी से बकरियों के लिए पत्ते तोड़ने शुरू किए। उसी पेड़ पर मधुमक्खी का छत्ता लगा था। पत्ते तोड़ते समय उनका छत्ता टूट गया। इससे गुस्साई मधुमक्खियों ने चरवाहे गयाप्रसाद और उसकी बकरियों के ऊपर हमला कर दिया। गयाप्रसाद जबतक कुछ समझ पाता तबतक सैकड़ों मधुमक्खियों ने डंक मारकर घायल कर दिया। वहीं, कई बकरियां भी हमले का शिकार हुईं।
कुछ देर बाद मधुमक्खियों का हमला शांत हुआ तो लोग वहां पहुंचे और घायल पड़े चरवाहे को वाहन में लादकर अस्पताल भेजा। सीएचसी घाटमपुर पहुंचते-पहुंचते वृद्ध गयाप्रसाद ने दम तोड़ दिया। परीक्षण के बाद डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। देर शाम परिजन शव को लेकर वापस रेउना लौट गए।
रेउना चौकी इंचार्ज ऋषभ कुमार सिंह ने बताया कि वृद्ध चरवाहे की मौत मधुमक्खियों के हमले से हुई है। यदि उसके परिजन शव का पोस्टमार्टम कराना चाहेंगे तो शव पीएम के लिए भेजा जाएगा। रेउना कसबा निवासी सपा नेता और राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग की पूर्व सदस्य सोमवती संखवार ने बताया कि गयाप्रसाद बेहद गरीब था। बकरी पालन करके वह किसी तरह परिवार का भरण-पोषण करता था।