वह वासु के साथ वहां पहुंचा, तो वासु निजी काम की बात कहकर चला गया। आरोप है कि कार से कोहना थाने के रानीघाट चौकी इंचार्ज कपिल यादव और सिपाही राहुल वर्मा स्थानीय अपराधी वासु सोनकर के साथ आए। कार में जबरन बैठा लिया। स्कूटी में आधा किलो चरस मिलने की बात कहते हुए कोहना थाने ले गए।
दरोगा व सिपाही को निलंबित कर दिया गया
नितिन का आरोप है कि 1.5 लाख रुपये लेकर उसे थाने से बिना लिखापढ़ी के छोड़ दिया। नितिन का कहना है कि उसका कोई आपराधिक इतिहास नहीं है। डीसीपी सेंट्रल प्रमोद कुमार ने बताया कि एसीपी कर्नलगंज की प्रारंभिक जांच रिपोर्ट के आधार पर दरोगा व सिपाही को निलंबित कर दिया गया है। साथ ही एसीपी कर्नलगंज को विस्तृत जांच क आदेश दिए गए हैं।
सिपाही का हो चुका है ट्रांसफर
कोहना थाने के जिस सिपाही राहुल वर्मा पर छात्र नितिन वर्मा ने आरोप लगाया है, उसका पिछले साल एक अक्तूबर को बेकनगंज थाने के लिए तबादला हो चुका है। उसने अपनी रवानगी नहीं कराई, बल्कि वह पुलिस लाइन चला गया। वहां से एक महीने बाद वापस कोहना थाने आ गया। घटना के बाद रविवार को उसकी बेकनगंज थाने के लिए रवानगी कर दी गई।