छिबरामऊ (कन्नौज)। शराबियों से परेशान महिलाओं ने लाठी-डंडे लेकर शराब ठेके पर धावा बोल दिया। ठेके का बोर्ड तोड़ दिया और गेट का ताला तोड़ने का भी प्रयास किया। महिलाओं का गुस्सा देख ठेके पर मौजूद शराबी भाग निकले। इसके बाद पास स्थित चौकी का घेराव कर नारेबाजी की। महिलाओं का कहना है कि ठेके की वजह से गांव का माहौल खराब हो रहा है, इसे तत्काल हटाया जाए।
मामला छिबरामऊ कोतवाली क्षेत्र के ग्राम करनौली में ताजपुर रोड के किनारे स्थित देशी शराब ठेके का है। ठेके से चंद कदम की दूरी पर ही मंदिर, प्राथमिक व पूर्व माध्यमिक विद्यालय भी हैं। महिलाओं का आरोप है कि शराब ठेके पर पूरे दिन शराबियों का जमघट रहता है। इससे उधर से गुजरने वाली महिलाएं खुद को असहज महसूस करती हैं। स्कूल आने-जाने वाली छात्राओं के साथ भी शराबी छेड़खानी करते हैं। हैरत की बात तो यह है कि ठेके के पास ही पुलिस चौकी भी है।
छात्राओं की शिकायतों के बाद भी पुलिस ने इन शराबियों पर कोई कार्रवाई नहीं करती है। इससे ही गांव की महिलाओं के सब्र का बांध टूट गया। गुस्साई महिलाओं से ठेके पर मौजूद कर्मचारी ने माफी मांगी और ठेके को बंद करने का भरोसा दिलाकर महिलाओं को किसी तरह शांत कराया।
शराब ठेके के बाद महिलाओं का गुस्सा पुलिस चौकी पर फूटा। चौकी पहुंचकर महिलाओं ने पुलिस के खिलाफ जमकर मारेबाजी की। इस दौरान चौकी के इंचार्ज विनोद कुमार कुशवाहा से भी महिलाओं की झड़प हुई। महिलाओं ने प्रधान प्रतिनिधि श्यामबाबू के नेतृत्व में जिला आबकारी अधिकारी को पत्र भेजकर शराब ठेके को आबादी से दूर ले जाने की मांग की है।
ग्राम कुंअरपुर लोधपुर निवासी सरस्वती ने बताया कि ठेके के अलावा अवैध शराब भी धड़ल्ले से बिक रही है। उनका पति घरेलू सामान बेचकर शराब पी लेता है और घर आकर मारपीट करता है। एक बार पति ने शराब के नशे में ही घर में आग भी लगा दी थी।
शराबी पति ने मारपीट कर किया घायल कुंअरपुर की किरन ने अपने शरीर की चोट दिखाते हुए बताया कि शराब के नशे में धुत उसके पति ने उसे मारपीट कर घायल कर दिया। उसका कहना था कि पूरे विवाद की जड़ यह शराब ठेका है। यदि ठेका नहीं होगा तो पति शराब भी नहीं पिएगा और सारी परेशानियां समाप्त हो जाएंगी।