नहर के पानी में घुसकर निकलता बाइक सवार।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
बेवर से जलालाबाद तक निर्माणाधीन नहर में सिंचाई के लिए पानी छोड़ दिया गया, जबकि इस पर बन रहे पुल अभी अधूरे हैं। पुल न होने से ग्रामीणों और स्कूली बच्चों को पानी में घुसकर निकलना पड़ता है। ऐसे में कभी भी हादसा हो सकता है। परेशान ग्रामीणों ने प्रदर्शन करते हुए नहर विभाग के खिलाफ नारेबाजी की।
शनिवार को विशुनगढ़ क्षेत्र के ग्राम हृदयरामपुर के पास नहर के निर्माणाधीन पुल के पास दर्जनों ग्रामीणों ने प्रदर्शन करते हुए नारेबाजी की। ग्रामीणों का कहना था कि दो साल से नहर खुदाई और पुल बनाया जा रहा है, लेकिन अभी तक नहर विभाग काम पूरा नहीं कर पाया है।
सपा नेता दलगंजन सिंह यादव का कहना था कि डार्कजोन घोषित हो चुके ब्लाक जलालाबाद व तालग्राम में सिंचाई की समस्या को देखते हुए पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने बेवर से जलालाबाद तक नहर का चौड़ीकरण करवाया था। विभागीय अधिकारियों की लापरवाही से अभी तक पुल का काम पूरा नहीं हुआ है, जिससे ग्राम शंकरपुर, नगला लक्ष्मन, नंदग्रामपुुर व रामपुर हृदय सहित कई गांवों के लोग परेशान हैं। प्रतिदिन बाइक सवार और स्कूली बच्चे नहर के पानी से घुसकर निकलते हैं, जिससे किसी भी दिन बड़ा हादसा घटित हो सकता है।
ग्रामीणों ने नहर विभाग के अधिकारियों से शीघ्र पुल बनवाए जाने की मांग की है। इस दौरान बीनू जाटव, राजीव शर्मा, अर्जुन शर्मा, दीपू शर्मा, छोटे दिवाकर, सलाम, लज्जाराम यादव, अशोक यादव, जसवीर यादव, अंकित कठेरिया सहित कई ग्रामीण मौजूद थे।