गमादेवी मंदिर में आयोजित कार्यक्रम में विहिप ने
आरएसएस के द्वितीय सरसंघ चालक माधौराव सदाशिवराव गोलवलकर गुरुजी की जयंती
धूमधाम से मनाई।
विहिप के जिला संगठन मंत्री विनीत त्रिपाठी एडवोकेट ने
कहा कि गुरुजी ने 21 जून 1940 को आरएसएस के द्वितीय सरसंघ चालक का
कार्यभार संभाला था। उसके बाद 1949 ने उन्होंने अभाविप की स्थापना की। इसके
बाद उन्होंने श्यामा प्रसाद मुखर्जी को संघ में शामिल कर 1951 में भारतीय
जनसंघ की स्थापना कराई।
इसके बाद 29 अगस्त 1964 को स्वामी चिन्मयानंद के
आश्रम मुंबई में विहिप की स्थापना की। आज विश्व के 50 से अधिक देशों में
विहिप का परचम लहरा रहा है। कार्यकर्ताओं ने गुरुजी के चित्र पर माल्यार्पण
और दीप जला जय श्रीराम व वंदे मातरम् का उद्घोष करते हुए उनकी जयंती
धूमधाम से मनाई। इस दौरान पंडित बनारसी दास शास्त्री व शरद दुबे ने भी
विचार रखे।