कानपुर। हैलट में आने वाले रोगियों को सामान्य और जीवन रक्षक दवाओं की कमी न हो, इसके लिए रोगी कल्याण समिति के फंड से दवाएं ली जाएंगी। इसकी अनुमति के संबंध में मेडिकल कॉलेज प्रबंधन शासन को पत्र भेजेगा। इसके पहले भी इस फंड से 70 लाख रुपये की दवाएं खरीदी जा चुकी हैं। यूपी मेडिकल सप्लाई काॅरपोरेशन के पास कॉलेज 8.30 करोड़ रुपये जमा है लेकिन दवाएं नहीं मिल पाईं।
जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजय काला ने बताया कि काॅरपोरेशन को 14 हजार इंजेक्शन देने के लिए कहा जाता है और सप्लाई होती है 200 इंजेक्शन की। हैलट और संबद्ध अस्पतालों में रोगियों का क्षमता से अधिक लोड है। ऐसे में काॅरपोरेशन के भरोसे रोगियों को दवाएं दे पाना मुश्किल पड़ता है। उन्होंने बताया कि शासन से यह भी अनुरोध किया गया है कि मेडिकल कॉलेज को बजट की 40 फीसदी धनराशि से दवाओं की खरीद की अनुमति दी जाए।