तालग्राम। अगले महीने छह अगस्त को ग्राम पंचायत तालग्राम देहात के प्रधान पद पर होने वाले उपचुनाव में 12 लोग दावेदार हैं। इसमें दो साल पहले तालग्राम में हुए दंगे का मास्टामाइंड भी ताल ठोक रहा है। उसकी दो पत्नियां सहित परिवार के पांच लोग प्रधान पद की दावेदार हैं। प्रधान रहते हुए पिछला चुनाव हार चुके तोताराम शर्मा पर पुलिस ने दंगा का मास्टरमाइंड होने के आरोप में हिस्ट्रीशीटर, गैंगस्टर और एनएसए के तहत कार्रवाई की थी। एक साल से ज्यादा समय तक जेल में रहने के बाद वह इन दिनों जमानत पर है और उपचुनाव में प्रधान पद क लिए नामांकन करवा रखा है।
दरअसल तालग्राम देहात ग्राम सभा के उपचुनाव में कुशलपुर्वा निवासी पूर्व प्रधान तोताराम शर्मा की दावेदारी रखी है। उसकी दो पत्नियां भी मैदान में हैं। पहली पत्नी पूर्व प्रधान उमा देवी शर्मा, दूसरी पत्नी अर्चना देवी ने भी नामांकन करवा रखा है। इसके अलावा तोताराम के भाई परशुराम, परिवार की भतीजे की बहू अनीता देवी भी चुनाव मैदान में हैं। तोताराम शर्मा तालग्राम में दो साल पहले हुए दंगे का मुख्य आरोपी है। 2022 में 14 जुलाई को अपनी ही ग्रामसभा के रसूलाबाद गांव स्थित मंदिर में प्रतिबंधित मवेशी का मांस रखकर माहौल खराब करने का आरोप लगा था। इस मामले के बाद क्षेत्र में कई दिनों तक तनाव की स्थिति रही थी।
दंगा भड़कने पर प्रशासन की हुई किरकिरी के बाद शासन ने तत्कालीन डीएम राकेश मिश्र और एसपी राजेश श्रीवास्तव को जिले से हटा दिया था। तत्कालीन थानेदार हरिप्रताप सिंह को निलंबित किया गया था। इलाके के दो दरोगा विनय कुमार और रामप्रकाश पर भी गाज गिरी थी। इस मामले में पुलिस ने 20-22 लोगाें को गिरफ्तार किया था। जांच के बाद पूर्व प्रधान तोताराम शर्मा को ही पुलिस ने इस पूरी घटना का मास्टरमाइंड करार दिया था। उसकी संपत्ति की जांच के बाद प्रशासन ने अवैध संपत्ति पर बुलडोजर भी चलाया था। तोताराम ने कोर्ट में सरेंडर कर दिया था।
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5100 मतदाता तय करेंगे 12 उम्मीदवारों का नसीब
प्रधान की मौत के बाद रिक्त हुए पद पर तालग्राम देहात में छह अगस्त को पंचायत उपचुनाव होना है। नामांकन, नाम वापसी के बाद 24 जुलाई को चुनाव निशान आवंटन के बाद प्रत्याशियों की तस्वीर साफ हो गई है। पंचायत उपचुनाव के रण में पति-पत्नी, भाई और सगे संबंधी भी ताल ठोक रहे हैं। एक ही परिवार के कई लोग प्रत्याशी होने से इनके चर्चे भी खूब हो रहे हैं। पंचायत के करीब 5100 मतदाता 12 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला करेंगे।
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प्रधान के निधन से खाली हुई है सीट, उनके परिवार के भी लोग मैदान में
तालग्राम देहात के प्रधान सलीमुद्दीन के निधन के बाद सीट खाली हो गई है। जिस कारण से छह अगस्त को चुनाव होना है। पिता की मौत के बाद रसूलाबाद निवासी उनके पुत्र आरिफ हुसैन चुनावी मैदान में हैं। उनकी पत्नी तराना बानो, ताई जैबुननिशा और रिश्ते के चाचा इरशाद अली भी प्रत्याशी हैं। इनके अलावा इसी पंचायत के कलकत्तापुर्वा के खुशीराम, महानगर के राजेश कुमार और रसूलाबाद के मुनीश खां भी प्रत्याशी हैं। पंचायत में प्रधान पद के 12 प्रत्याशी चुनाव मैदान में हैं। इनके भाग्य का फैसला छह अगस्त को होगा। इस बार चुनाव रण में मुकाबला काफी दिलचस्प है। चारों और इसी के चर्चे हैं कि प्रत्याशियों ने अधिक संख्या में बूथ एजेंट और मतगणना एजेंटों के लिए सगे संबंधियों को उम्मीदवार बनाकर चुनाव में दबदबा कायम करना चाह रहे हैं। इसे लेकर लोगों में काफी चर्चा है।