कन्नौज। नागरिकता संशोधन कानून के विरोध के चलते पुलिस महकमे के साथ ही फायर ब्रिगेड भी अलर्ट है। जिले में कहीं भी विरोध प्रदर्शन या दंगा होने पर फायर ब्रिगेड बलवाइयों पर रंगीन पानी की बौछार करेगी। पानी में मिला रंग आसानी से नहीं छूटेगा। इसकी मदद से दंगाइयों की आसानी से पहचान हो सकेगी। वहीं शासन ने आदेश जारी कर एसिड बिक्री पर प्रतिबंध लगा दिया है।
नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में देश भर में चल रहे प्रदर्शन और हिंसा के चलते फायर ब्रिगेड टीम को शासन ने लाल रंग मुहैया कराया है। जिले में कहीं भी दंगा या हिंसा होती है तो पानी के टैंक में लाल रंग डालकर अग्निशमन टीम बलवाइयों और प्रदर्शनकारियों पर बौछार करेगी। यह रंग शरीर और कपड़ों से आसानी से नहीं छूटता है। पुलिस रंग देखकर दंगाइयों को सबूत के साथ गिरफ्तार कर करेगी।
मुख्य अग्निशमन अधिकारी एमपी सिंह ने बताया कि सभी फायर टेंडरों के टैंक में यह रंग डाल दिया गया है। संवेदनशील इलाकों में स्थानीय पुलिस के साथ आठ विभागीय टीमों को तैनात किया गया है। दंगे या हिंसा के समय पतले न्यूजल स्प्रे से दंगाइयों पर यह रंग डाला जाएगा। करीब 200 मीटर की दूरी तक बौछार की जाएगी।
वहीं शासन के निर्देश पर एसपी ने सभी पेट्रोल पंप मालिकों और मैनेजरों को नोटिस भेजकर चेतावनी दी है कि कांच की शीशी, प्लास्टिक की केन में डीजल व पेट्रोल की बिक्री न की जाए। पेट्रोल पंप पर लगे सीसीटीवी कैमरे चेक किए जाएंगे। अगर किसी को भी खुला ईधन बेचते पाया गया तो, पंप संचालक के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। पंप सीज कर लाइसेंस सस्पेंड करने की संस्तुति होगी। एसपी अमरेंद्र प्रसाद सिंह ने बताया कि अफवाह फैलाने और हिंसा भड़काने वाले लोगों से निपटने के लिए सख्त इंतजाम किए गए हैं। अगर किसी भी व्यक्ति ने शांति व्यवस्था प्रभावित करने का प्रयास किया तो उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
एसिड बिक्री पर लगा प्रतिबंध
नागरिकता संशोधन कानून के विरोध को लेकर अधिकारी गंभीर हैं। किसी भी तरह की कोताई नहीं बरती जा रही है। एसपी ने बाजारों में एसिड बिक्री पर प्रतिबंध लगाने की हिदायत दी है। सदर कोतवाल विनोद कुमार मिश्रा ने बताया कि पंजीकृत विक्रेता न्यूनतम मात्रा में खरीदार का नाम पता और आईडी की फोटो कॉपी लेकर बेच सकते हैं। इसकी सूचना कोतवाली पुलिस को भी दी जाएगी।
उपद्रवियों से नहीं, सर्दी से परेशान हैं सुरक्षाकर्मी
शहर के करीब 18 संवेदनशील इलाकों में पुलिस पिकेट कर रही है। इन स्थानों पर अभी तक अलाव नहीं जलाए गए हैं। इससे भीषण सर्दी में पुलिसकर्मियों को इधर-उधर टिन शेड के नीचे बैठकर रात बितानी पड़ती है। कुछ पुलिसकर्मियों ने बताया कि लकड़ी का इंतजाम न होने से अलाव नहीं जल रहे हैं। अधिकारियों से अलाव जलाने की मांग की जा चुकी है।