कन्नौज। बारिश में खस्ताहाल हुईं सड़कें लोगों के लिए मुसीबत का सबब बन गईं हैं। बाइक और स्कूटी सवारों में कमर दर्द की समस्या बढ़ गई है। गड्ढों में वाहन उछलने से लगा झटका इसका कारण है। वहीं खस्ताहाल मार्गों के कारण वाहन भी खराब हो रहे हैं। लोगों का कहना है कि शासन का गड्ढा मुक्ति का दावा बारिश में धुल गया है।
करीब 10 दिनों से रुक-रुककर हो रही बारिश से सड़कों के किनारे मिट्टी कट गई है। कई सड़कें भी जर्जर हो गईं हैं। गड्ढों में वाहन चालकों के गिरने का खतरा रहता है। मरीजों की तो कमर ही टूट जाती है। वहीं बीच राह पानी में घुसने से वाहन बंद हो जाते हैं। राहगीर मैकेनिक की तलाश करते घूमते हैं।
इन स्थानों पर खराब हैं सड़कें
- कन्नौज में पाल चौराहे के निकट
- तिर्वा में ठठिया रोड चौराहा व इंडियन बैंक के सामने
- तिर्वा से बिलंदापुर जाने वाला मार्ग
- सरायमीरा से नगर पालिका जाने वाले मार्ग पर ओवरब्रिज के निकट
- तिर्वा गांधी चौराहे से खैरनगर मार्ग
- जीटी रोड सदर तहसील के निकट कई मार्ग
लोगों ने बताई समस्या
चौराचांदपुर गांव निवासी अनुरुद्ध यादव ने बताया कि चौधरियापुर-मेहंदीपुर माग कई साल पहले बना था। ये अब पूरी तरह जर्जर है। आवागमन में परेशानी होती है।
किसान माताराम ने बताया कि हर रोज बाजार या काम से बाहर जाना पड़ता है। खराब रास्तों के कारण शरीर में दर्द रहने लगा है। बिना डॉक्टर के यहां जाए दर्द सही नहीं होगा।
हड्डी में दर्द पर सूजन भी आ जाती
स्पाइन व कमर दर्द में दिक्कत वाले मरीजों की परेशानी खराब सड़क की वजह से बढ़ जाती है। जिन लोगों की हड्डी में दर्द रहता है, उनके सूजन भी आ जाती है। खराब मार्ग से वाहन निकालते समय सावधानी बरतनी चाहिए। - डॉ. पीयूष गंगवार, हड्डी रोग विशेषज्ञ
40 लाख से अधिक बजट वाली सड़कों के नवीनीकरण का आदेश आ गया है। प्रांतीय खंड की तीन सड़कों का प्रस्ताव है। फरवरी में प्रस्ताव भेजे गए थे, मई में स्वीकृत हुए हैं। 18 फीसदी कार्यों को कराने के निर्देश दिए गए हैं। करीब एक करोड़ 64 लाख रुपये के प्रस्ताव बने हैं। निर्माण खंड की भी कार्ययोजना बन रही है। - ओमप्रकाश वर्मा, पीडब्ल्यूडी एक्सईएन प्रांतीय खंड/नोडल