कन्नौज। मुख्यमंत्री की ऑनलाइन समीक्षा में छिबरामऊ की विधायक व पूर्व राज्यमंत्री अर्चना पांडेय खुलकर बोलीं। उन्होंने उन्होंने अपने विधानसभा क्षेत्र और जिले की जरूरतें बताने के साथ मुख्यमंत्री को कार्यदायी संस्थाओं की खामियां भी गिर्नाई। विधायक की शिकायत पर मुख्यमंत्री ने पैकफेड संस्था के जिम्मेदारों पर मुकदमा दर्ज करने के निर्देश डीएम को दिए।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को वीडियो कांफ्रेंसिग से कानपुर मंडल के कामकाज की समीक्षा की थी। इसमें डीएम राकेश कुमार मिश्र, सीडीओ आरएन सिंह के अलावा छिबरामऊ की विधायक व पूर्व राज्यमंत्री अर्चना पांडेय भी एनआईसी में मौजूद थीं। सांसद सुब्रत पाठक भी कुछ देर के लिए ऑनलाइन जुड़े थे। पूर्व राज्यमंत्री ने बताया कि मुख्यमंत्री को बताया कि आपके कन्नौज आगमन के दौरान छिबरामऊ में 50 बेड के मेटरनिटी विंग का निर्माण कार्य पैकफेड संस्था को दिया गया है। अभी तक कार्य प्रगति शून्य है। मुख्यमंत्री ने कहा कि धनराशि की उपलब्धता होते हुए भी निर्माण कार्य शुरू न होना गंभीर है। कार्यदायी संस्था के खिलाफ प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कराई जाए।
पालीटेक्निक छिबरामऊ के बारे में डीएम राकेश कुमार मिश्रा ने बताया कि कार्यदायी संस्था सीएंडडीएस यूनिट-43 फर्रुखाबाद को परियोजना की स्वीकृत धनराशि 18.25 करोड़ के सापेक्ष केवल दो करोड़ ही दिए गए हैं। इससे कार्य की प्रगति प्रभावित है। मुख्यमंत्री ने कहा कि कार्य चालू रखें, शीघ्र ही धनराशि दी जाएगी। उन्होंने कहा कि चकबंदी कार्यालय में अधिकारी-कर्मचारी की उपलब्धता कम है।
विधायक अर्चना ने बताया कि छिबरामऊ ब्लॉक के निगोह रजवाह, मिघौली में वर्ष 2014 के बाद नहर में सिल्ट सफाई नहीं की गई है। इससे किसान परेशान हैं। मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी को आवश्यक कार्रवाई के लिए कहा। विधायक ने अधिशासी अभियंता, आरईडी के रिक्त पदों पर तैनाती की मांग भी रखी। मुख्यमंत्री ने डीएम को सभी परियोजना के भौतिक सत्यापन और कोविड-19 की सर्विलांस टीमें बढ़ाने के निर्देश भी दिए।
छिबरामऊ विधायक ने ये भी मांगें रखीं
छिबरामऊ विधायक अर्चना पांडेय ने गुरसहायगंज नगर में राजकीय महिला विद्यालय का निर्माण कराने, गुरसहायगंज में नवीन मंडीस्थल का निर्माण कराने, कसावा में 33 केवीए सब स्टेशन बिजली घर के लिए भूमि उपलब्ध कराने, मिघौली सब स्टेशन को पूर्ण कराने, छिबरामऊ नगर में रामप्रकाश त्रिपाठी के नाम से वृद्धावस्था आश्रम व पुस्तकालय का निर्माण कराने, 25 गांवों के जले अभिलेख तैयार करने के लिए चकबंदी प्रक्रिया पुन: शुरू कराने की मांग की।