कन्नौज। अब सिर्फ खेतों की फसल ही नहीं, तालाब में पलने वाली मछलियों का भी बीमा होगा। प्रदेश सरकार ने मत्स्य पालकों के हित में बड़ा कदम उठाते हुए मछली बीमा योजना की शुरुआत की है। इसके लिए यूपी फिश फाॅर्मर एप बनाया गया है, जिस पर जाकर मत्स्य पालक अपनी मछलियों का बीमा करा सकते हैं।
मत्सय पालक विकास अधिकरण अधिकारी हिमांशु यादव ने बताया कि अक्सर बाढ़, भारी बारिश, पानी में बीमारी फैलने या किसी तकनीकी चूक से तालाबों की मछलियां मर जाती हैं। इससे मत्स्य पालकों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। कई बार तो पूरी लागत ही डूब जाती है। इस नुकसान की भरपाई के लिए ही सरकार ने यह बीमा योजना शुरू की है।
उन्होंने बताया कि इस योजना के तहत मत्स्य पालक अपनी इकाई को बीमा कवरेज में ला सकता है। प्राकृतिक आपदा या किसी अन्य कारण से मछलियों को नुकसान होने पर उन्हें मुआवजा दिया जाएगा। इससे मत्स्य पालकों को आर्थिक सुरक्षा मिलेगी और वे निडर होकर मछली पालन कर सकेंगे।
एप पर ऐसे करा सकते हैं बीमा
मत्स्य पालकों को सबसे पहले यूपी फिश फाॅर्मर एप को मोबाइल में डाउनलोड करना होगा। इस पर पंजीकरण कर अपनी इकाई, तालाब का विवरण और मछली की प्रजाति की जानकारी देनी होगी। इसके बाद बीमा प्रीमियम की राशि तय होगी। बीमा होते ही मत्स्य पालक को प्रमाण पत्र मिल जाएगा। किसी भी आपदा में नुकसान होने पर एप के माध्यम से ही क्लेम किया जा सकेगा। विभागीय टीम सत्यापन कर मुआवजा राशि सीधे खाते में भेजेगी। जिले में बड़ी संख्या में लोग मछली पालन से जुड़े हैं। यह योजना उनके लिए वरदान साबित होगी। विभाग द्वारा गांव-गांव जाकर मत्स्य पालकों को एप और बीमा योजना के बारे में जागरूक किया जा रहा है ताकि अधिक से अधिक लोग इसका लाभ उठा सकें।