तहसील सभागार में शुक्रवार को लेखपाल संघ ने अधिवक्ता सुधीर यादव व उनके मुंशी विजय कुमार की गिरफ्तारी की मांग को लेकर हड़ताल शुरू कर दी। इसके जवाब में तहसील के अधिवक्ताओं ने भी एसडीएम कोर्ट के बाहर धरना दिया। आरोपी लेखपाल भगवानदीन शुक्ला की गिरफ्तारी की मांग रखी। जवाबी धरना-प्रदर्शन को लेकर तहसील परिसर का माहौल पूरे दिन गर्म रहा।
लेखपाल संघ के अध्यक्ष ब्रजनंदन सिंह यादव के नेतृत्व में लेखपाल धरने पर बैठ गए। लेखपाल आत्माराम वर्मा ने कहा कि 25 अप्रैल को लेखपाल भगवानदीन शुक्ला के साथ अधिवक्ता सुधीर यादव व उनके मुंशी ने मारपीट की थी। रिपोर्ट भी दर्ज हुई पर आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं की गई। सोबरनलाल भारतीय ने कहा कि मजबूर होकर लेखपाल संघ अनिश्चितकालीन हड़ताल कर रहा है।
जब तक गिरफ्तारी नहीं होती है, उनकी हड़ताल जारी रहेगी। उधर लेखपालों के विरोध में लायर्स बार एसोसिएशन व बार एसोसिएशन के अधिवक्ता भी सामने आ गए। एसडीएम कोर्ट के बाहर अधिवक्ताओं ने भी धरना देकर प्रदर्शन किया। पूर्व अध्यक्ष सुधीर यादव ने कहा कि उन्होंने किसानों के साथ हो रहे अन्याय को एसडीएम के समक्ष रखा था।
लेखपाल भगवानदीन शुक्ला की शिकायत की थी कि किसानों के चेक वितरण में वह मनमानी कर रहा है। इससे नाराज होकर लेखपाल ने उनके व मुंशी विजय के खिलाफ झूठी रिपोर्ट दर्ज करा दी। उन्होंने भी कोतवाली में लेखपाल के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने लेखपाल की गिरफ्तारी नहीं की है। इससे तहसील के सभी अधिवक्ता गिरफ्तारी न होने तक एसडीएम व तहसीलदार के कोर्ट का बहिष्कार जारी रखेंगे।