प्रभारी निरीक्षक इंद्रपाल सरोज का माल्यार्पण कर विदाई देते पुलिसकर्मी।
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कन्नौज। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी जनता कर्फ्यू का समर्थन कर पुलिस और प्रशासन का सहयोग करने की अपील की। लेकिन यह अपील शायद विशुनगढ़ इंस्पेक्टर इंद्रपाल सरोज के कानों तक नहीं पहुंची। सुरक्षा व्यवस्था छोड़ इंदरगढ़ पुलिस थाने में इंस्पेक्टर के विदाई समारोह में लगी रही। जमकर ढोल और नगाड़े बजे। 100 से ज्यादा लोगों की भीड़ मौजूद रही।
विशुनगढ़ प्रभारी निरीक्षक इंद्रपाल सरोज का स्थानांतरण तिर्वा कोतवाल के पद पर हुआ है। रविवार को इंदरगढ़ थाने के सिपाही और दरोगाओं की ओर से इंद्रपाल सरोज का विदाई समारोह आयोजित किया गया। इसमें जनता के लोग भी शामिल हुए।
22 मार्च को जनता कर्फ्यू होने की जानकारी के बाद भी पुलिसकर्मी विदाई समारोह के जश्न में इतना खो गए कि उन्हें पीएम और सीएम की अपील तक याद नहीं रही। यह तक नहीं सोचा कि कोरोना से जंग में हर एक का सहयोग जरूरी है। जब लोग घरों में जनता कर्फ्यू का समर्थन कर रहेे थे तब विशुनगढ़ इंस्पेक्टर थाने में ढोल नगाड़े के बीच जश्न मनाने में जुटे थे।
जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक, एडीएम, एएसपी, सभी एसडीएम और सीओ के साथ ही प्रशासनिक अधिकारी जनता से सहयोग की जब अपील कर रहे थे तब विशुनगढ़ थाने में जश्न चल रहा था। हर दल के जनप्रतिनिधियों ने जनता कर्फ्यू में सहयोग दिया, लेकिन पुलिसकर्मी अपने दायित्वों को भूल बैठे।