कन्नौज। गंगा का जलस्तर शनिवार काे खतरे के निशान पर पहुंच गया था, जो रविवार को तीन सेंटीमीटर कम हो गया। हालांकि तटवर्ती गांव कासिमपुर, बक्सीपुर्वा आदि गांवाें का हाल बेहाल है। ग्रामीण नावों के सहारे आवागमन कर रहे हैं। प्रशासन बचाव व राहत कार्य में जुटा है।
गंगा का जलस्तर दो दिन पहले 125.910 मीटर था जो अगले दिन खतरे के निशान 125.970 मीटर पर पहुंच गया था। दिन में तीन सेंटीमीटर घटकर 125.940 मीटर हो गया। हालांकि इससे बाढ़ प्रभावित क्षेत्राें के हालात में फर्क नहीं आया। अभी भी कटरी क्षेत्र के गांव कासिमपुर, बक्सीपुर्वा, गंगूपुर्वा, दाईपुर, चौरा चांदपुर, मेहंदीपुर, कटरी गंगपुर, महमूदपुर बीजा, गुमटिया, सलेमपुर तारा बांगर, चौधरियापुर बांगर, जुकइया, चांदापुर बांगर, डहलेपुर, नाहरघाटी आदि गांवाें में पानी घरों में घुस रहा है। खेतों व मकानों में पानी भर गया है।
गंगा के साथ काली नदी भी रौद्र रूप ले चुकी है। ग्रामीण नाव के सहारे आवागमन कर रहे हैं। प्रशासन द्वारा राहत व बचाव कार्य के साथ जरूरी दवाइयां व खाद्य सामग्री वितरित कर सहायता पहुंचाई जा रही है। बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के ग्रामीणों को ऊंचाई वाले सुरक्षित स्थानों पर ले जाया जा रहा है। अपर जिलाधिकारी आशीष कुमार सिंह का कहना है कि जल स्तर कुछ कम हुआ है, लेकिन बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों की निरंतर निगरानी जारी है। ग्रामीणों को जरूरी खाद्य सामग्री व दवाइयां बांटी जा रही हैं। ताकि दिक्कत न हो। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को ऊंचाई पर ले जाया जा रहा है।
सपा नेता बाढ़ प्रभावितों से मिले
रविवार को समाजवादी पार्टी के पूर्व विधायक अनिल दोहरे के पुत्र यश दोहरे ने पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ बाढ़ प्रभावित कासिमपुर व अन्य गांवों का दौरा किया। उन्होंने ग्रामीणों ने मिलकर समस्याएं सुनीं और शीघ्र निस्तारण का आश्वासन दिया।