ट्रक में फंसे चालक को निकालने का प्रयास करते ग्रामीण।
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ऊसराहार रोड पर हसनपुर गांव के पास गुरुवार दोपहर तेज रफ्तार ट्रक और डग्गामार प्राइवेट बस की भिड़ंत में चार लोगों की मौत हो गई, जबकि आधा दर्जन से अधिक लोग घायल हो गए। मरने वाले में बीडीसी व उसके दो पुत्र शामिल हैं। जबकि बस चालक की उपचार के दौरान मौत हो गई। हादसे के बाद मार्ग पर जाम लग गया। पुलिस ने क्रेन मंगाकर दोनों वाहनों को हटवाया। ढाई घंटे बाद आवागमन बहाल हो सका। ऊसराहार से सवारियां भरकर प्राइवेट मिनी बस सौरिख जा रही थी।
वह ग्राम हसनपुर के पास पहुंची थी कि सामने से तेज रफ्तार से आ रहे ट्रक से भिड़ंत हो गई। दुर्घटना इतनी जबरदस्त थी कि बस के परखच्चे उड़ गए। बस में 45 यात्री सवार थे। चीख पुकार सुन आसपास के लोग दौड़ पड़े। बस के अंदर फंसे घायलों को किसी तरह बाहर निकाला। सूचना मिलते ही सौरिख थानाध्यक्ष मयफोर्स मौके पर पहुंचे। गंभीर रूप से घायल होने वालों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सौरिख भेजा।
चुटहिल होने वाले दर्जनभर से ज्यादा लोगों को दूसरे वाहनों से गंतव्य तक भेजवाया गया। जहां चिकित्सक ने पूर्व बीडीसी सकरावा निवासी सतेंद्र सिंह (42), उसके बेटे नितिन (10) व रितिक (7) को मृत घोषित कर दिया। जबकि बस चालक बधईनगला निवासी नरेंद्र पुत्र सोनेलाल ने तिर्वा मेडिकल कालेज में दम तोड़ दिया। वहीं सतेंद्र की पत्नी नीलम व उसके पुत्र रिंकल और शिवली के संग्रामपुर निवासी दीपक पुत्र शिवबाबू, गदनापुर नादेमऊ निवासी ट्रक चालक जितेंद्र सिंह उर्फ जीतू पुत्र सुरेश सिंह, हेल्पर दीपक व नगरिया तालपार सौरिख निवासी बस कंडक्टर भूरे पुत्र विनोद को गंभीर हालत में मेडिकल कालेज तिर्वा रेफर कर दिया गया।
इसके अलावा ग्राम किरायन निवासी छत्रपाल उर्फ शिशुपाल, हसनपुर निवासी सरवरी बेगम पत्नी पप्पू खां, पट्टी निवासी अनोज पुत्र कमलेश व रवींद्र सिंह को मेडिकल कालेज सैफई ले जाया गया।