अमर उजाला ब्यूरो
तेराजाकेट। एक साल बाद छुट्टी पर घर आए फौजी की सड़क हादसे में मौत हो गई। जबकि उसका चाचा गंभीर घायल हो गया। फौजी बाइक से चाचा के साथ शहर जा रहा था। तभी तेज रफ्तार के चलते बाइक ट्रैक्टर-ट्राली से टकरा गई। इससे उसकी मौत हो गई। हादसे के बाद परिजनों ने रोड जाम कर जमकर हंगामा किया।
गुरसहायगंज कोतवाली क्षेत्र के गांव सिकंदरपुर निवासी अमर सिंह फौज से हवालदार के पद से सेवानिवृत है। चार साल पूर्व उनका 32 वर्षीय बेटा अजीत सिंह यादव आर्मी में भर्ती हुआ था। मौजूदा समय उसकी तैनाती पठानकोट पंजाब में थी। बीते रविवार को वह एक साल बाद छुट्टी लेकर घर लौटा था।
मंगलवार सुबह वह चाचा गौरव यादव के साथ अपाचे बाइक से कन्नौज जा रहा था। तभी तेज गति के चलते बाइक जीटी रोड पर मामा होटल के सामने ट्रैक्टर-ट्राली से टकरा गई। हादसे में अजीत की मौके पर मौत हो गई जबकि चाचा गौरव गंभीर घायल हो गया। हादसे के बाद ट्रैक्टर चालक भाग निकला। हादसे की जानकारी पर घटनास्थल पर पड़ोसियों और ग्रामीणों के साथ पहुंचे परिजनों ने रोड जाम कर हंगामा किया। मौके पर पहुंचे कोतवाल आरबी सिंह ने आक्रोशित लोगों को शांत कराते हुए शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
फौजी अजीत सिंह घर से हेलमेट लगाकर निकला था लेकिन चाचा गौरव सिंह से बात करते हुए बाइक चलाने के कारण उसने हेलमेट उतारकर चाचा को पकड़ा दिया था। घायल चाचा ने बताया कि अगर अजीत हेलमेट लगाए होता, तो उसकी हादसे में मौत नहीं होती। हादसे के वक्त वहां मौजूद रजलामऊ गांव निवासी देवेंद्र ने बताया कि तेज गति के चलते बाइक अनियंत्रित होकर ट्राली से टकरा गई थी।
हादसे में फौजी की मौत, चाचा घायल
ट्रैक्टर-ट्राली से टकराई थी बाइक, परिजनों ने रोड जाम कर किया हंगामा
फोटो 30- फाइल फोटो फौजी अजीत सिंह यादव
फोटो 31- हादसे के बाद रोते बिलखते परिजन
फोटो 32- घायल गौरव सिंह