कन्नौज। उत्तर प्रदेश सहकारी ग्राम विकास बैंक के प्रतिनिधि पद के चुनाव से पहले सपा को बड़ा झटका लगा। कन्नौज और छिबरामऊ में सपा प्रत्याशियों के पर्चे निरस्त हो गए। गुरसहायगंज में सिर्फ भाजपा प्रत्याशी ने ही नामांकन किया था। इससे अब तिर्वा, छिबरामऊ और गुरसहायगंज में भाजपा प्रत्याशियों का निर्विरोध निर्वाचन तय माना जा रहा है। अब सिर्फ तिर्वा में पांच प्रत्याशियों के बीच एक सितंबर को मुकाबला होगा।
बुधवार को हंगामे के बीच जिले में उत्तर प्रदेश सहकारी ग्राम विकास बैंक में प्रतिनिधि पद के लिए नामांकन हुए थे। कन्नौज शाखा ग्वाल मैदान में भाजपा की ओर से सुमन त्रिवेदी और सपा की ओर से अनिल यादव ने नामांकन किया था। वहीं छिबरामऊ में भाजपा से रामेंद्र कुमार और सपा से बाबा राम प्रकाश ने नामांकन किया था। गुरसहायगंज में सिर्फ भाजपा के अशोक कुमार ने नामांकन किया था। तिर्वा ग्राम विकास बैंक में भाजपा के भरत लाल, सपा से विजय कुमार के अलावा दिगंबर सिंह, दिग्विजय सिंह और सुरेश चंद्र ने नामांकन पत्र दाखिल किया था। गुरुवार को नामांकन पत्रों की जांच के दौरान कन्नौज से सपा प्रत्याशी अनिल यादव और छिबरामऊ से बाबा राम प्रकाश का नामांकन पत्र खारिज कर दिया गया। एडीएम गजेंद्र सिंह ने बताया कि प्रत्याशी अनिल यादव और बाबा राम प्रकाश ने चुनाव का पद नाम नहीं लिखा था। इससे दोनों पर्चे खारिज कर दिए गए। वहीं तिर्वा में सभी प्रत्याशियों के नामांकन पत्र वैध पाए गए हैं। अब छिबरामऊ, कन्नौज और गुरसहायगंज में भाजपा प्रत्याशियों के निर्विरोध होने का रास्ता साफ हो गया है। सपा के सदर विधायक अनिल दोहरे ने बताया कि सरकार के इशारे पर सपा प्रत्याशियों के नामांकन पत्र खारिज किए गए। यह लोकतंत्र की हत्या है।