काली नदी पुल के पास बुधवार को ट्रैक्टर-ट्राली तो नहीं दिखाई दीं, लेकिन बाइक सवार और साइकिल सवार जान जोखिम में डालकर नदी पार करते रहे। शहर को फर्रुखाबाद जनपद से जोडने वाली काली नदी का पुल पिछले दिनों क्षतिग्रस्त हो गया था। खतरे की आशंका को देखते हुए सेतु निगम ने पुल के दोनों तरफ दीवार खड़ी कर आवागमन पूरी तरह बंद करा दिया था। ऐसे में पड़ोसी गांव के लोगों ने नदी पार करने के लिए ट्रैक्टरों का सहारा लिया। इससे उनकी अच्छी कमाई होने लगी।
ट्रैक्टर चालक बाइकों को ट्राली पर लादकर उनसे 30 रुपये भाड़ा वसूलते थे। अमर उजाला ने इस खबर को 17 मई के अंक में पुल पर पैदल आवागमन भी हुआ बंद शीर्षक से फोटो सहित प्रमुखता से प्रकाशित किया था। खबर का असर हुआ मंगलवार की सुबह से ही नदी के आस-पास एक भी ट्रैक्टर नजर नहीं आया। ऐसे में सबसे ज्यादा असुविधा उन लोगों को हुई जो बाइक से नदी पार जाना चाहते थे।
बाइक सवारों ने जान-जोखिम में डालकर अपनी बाइकें नदी के पानी में डालकर किसी तरह पार कीं, जबकि साइकिल सवारों ने नदी में काम पानी होने का फायदा उठाते हुए साइकिल सिर पर उठाकर नदी पार की।