सौरिख। ग्राम पंचायत सकरावा में वाल्मीकि समाज के लोगों के बाल काटने को लेकर चल रहा विवाद आखिरकार गुरुवार को आपसी सहमति से सुलझ गया। ग्राम प्रधान गिरिजा देवी शाक्य के आवास पर संभ्रांत नागरिकों, नाई समाज के दुकानदारों और वाल्मीकि समाज के प्रतिनिधियों की बैठक हुई। इसमें बिना किसी दबाव के सभी वाल्मीकि समाज के लोगों के बाल काटने पर सहमति बनी। साथ ही दुकानदारों की सुरक्षा और गांव में आपसी सौहार्द बनाए रखने के लिए छह शर्तें तय की गईं।
बैठक में सहमति बनी कि शराब पीकर बाल कटवाने आने वाले युवक की कटिंग नहीं की जाएगी। दुकान में बाल कटवाते समय फोटो या वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर अपलोड करने पर भी रोक रहेगी। दुकान पर भड़काऊ बयानबाजी नहीं की जाएगी। भीड़ होने की स्थिति में सभी लोग अपनी बारी का शांतिपूर्वक इंतजार करेंगे। इसके अलावा सफाई कार्य से लौटकर आने वाले लोगों को दुकान पर आने से पहले स्वच्छता का विशेष ध्यान रखने को कहा गया।
दुकान या गली में किसी भी प्रकार की गालीगलौज और अभद्रता नहीं करने तथा बाल कटवाने के लिए निर्धारित दर के अनुसार ही भुगतान करने पर भी सहमति बन सकी। ग्राम प्रधान की मध्यस्थता में हुई बैठक में नाई दुकानदार नजीम सलजमानी, रामू सविता, शिवकुमार, राजेश कुमार आदि तथा वाल्मीकि समाज की ओर से सुरेश बाबू वाल्मीकि आदि ने अपनी सहमति जताई।