छिबरामऊ(कन्नौज)। सिकंदरपुर स्थित आर्यावर्त ग्रामीण बैंक के दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी पर ग्राहकों ने लाखों रुपये गबन का आरोप लगाया है। कर्मचारी फरार चल रहा है। प्रबंधक ने अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की है। उनका कहना है कि अभी ऑडिट चल रहा है। अभी तक चार लाख 52 हजार रुपये का मामला सामने आया है।
आर्यावर्त ग्रामीण बैंक की सिकंदरपुर शाखा में शैलेंद्र शर्मा निवासी गनेशापुर कई दिनों से कार्य कर रहा था। वह चार सौ रुपये प्रतिदिन की मजदूरी पर कार्य करता था। कोरोना काल के दौरान कई ग्राहक खाते में जमा करने के लिए रुपये दे गए। उसने रकम जमा न कर फर्जी पर्ची दे दी। ग्राहक रुपये के लिए बैंक आए तो खाते में रुपये न देखकर होश उड़ गए। जानकारी पर प्रबंधक ने इस पर जांच बैठा दी। आर्यावर्त ग्रामीण बैंक सिकंदरपुर के ब्रांच मैनेजर रोहित कुमार ने बताया कि पहली शिकायत 21 मई को महिला ने दर्ज कराई थी। यह शिकायत सही पाई गई। इस मामले में बैंक के उच्चाधिकारियों को अवगत करा दिया गया है। जांच कमेटी गठित कर दी गई है। सभी वाउचर चेक किए जा रहे हैं। अभी तक दस शिकायतें आईं हैं। इनमें चार लाख 52 हजार रुपये गबन का मामला प्रकाश में आया है।
इनके खातों से निकले रुपये
नगला सदारी निवासी मालती पत्नी विशम्भर दयाल ने बताया कि उनके खाते से 50 हजार रुपये निकाल लिए गए। इसी तरह जयसिंहपुर निवासी पप्पू ने 35 हजार पांच सौ रुपये खाते से निकाले जाने की जानकारी दी है। ग्राम हरीनगर के रामकृष्ण, करमुल्लापुर के अनिल कुमार, हसनापुर के रामनारायन, आशाराम व आरती ने भी खाते से रुपये निकाले जाने की शिकायत दर्ज कराई है।