कल्यानपुर गांव में खड़े बिजली के पोल।
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छिबरामऊ। पोल में करंट आने से एक बालिका झुलस गई थी। इसके बाद विद्युत विभाग के कर्मचारियों ने गांव की लाइन कटवा दी थी। एक माह बाद भी विद्युत विभाग के अधिकारियों को लाइन जुड़वाने की याद नहीं आई। एक माह से कल्यानपुर गांव में अंधेरा है। कल्यानपुर गांव में राजीव गांधी ग्रामीण विद्युतीकरण योजना के तहत पोल लगाकर एबीसी लाइन डलवाई गई थी।
इसमें प्रत्येक पोल पर जमीन से अर्थिंग ली गई थी। अर्थिंग में करंट आने की वजह से एक बालिका पिछले माह झुलस गई थी। विद्युत विभाग के अधिकारियों ने पूरे गांव की लाइन कटवा दी थी। अभी तक बिजली विभाग ने लाइन जुड़वाने की जहमत नहीं उठाई है। हालत यह है कि गांव के प्राथमिक विद्यालय में भी बिजली नहीं है, जबकि चुनाव के दौरान हर बूथ पर बिजली उपलब्ध होने के निर्देश दिए गए हैं।
गांव के फिरोज खां ने बताया कि ठेकेदार ने गुणवत्तापूर्ण कार्य नहीं किया, जिसके चलते हर पोल की अर्थिंग में करंट आ रहा था। वहीं, राकेशचंद्र शुक्ला ने बताया कि बिजली न आने से लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। कई बार शिकायत के बाद भी अधिकारियों ने ध्यान नहीं दिया। मीनू यादव ने बताया कि गांव में लगभग 20 कनेक्शन हैं।
लाइन कटे होने की वजह से कनेक्शनधारकों को भी अंधेरे में रहना पड़ रहा है। वहीं, गणेशचंद्र ने बताया कि कई लोग कटिया डालकर बिजली जला रहे हैं। विभागीय अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। यदि लाइन सही नहीं हुई तो ग्रामीण विद्युत उपकेंद्र का घेराव करेंगे।
परीक्षण के बाद चालू होगी लाइन
अवर अभियंता अवनीश कुमार यादव ने बताया कि कल्यानपुर गांव में केबिल में फाल्ट होने की वजह से अर्थिंग में करंट आ रहा है। इसके लिए ठेकेदार को केबिल चेक कर दूसरी अर्थिंग लगाने के निर्देश दिए गए हैं। मतदान से पहले गांव की लाइन चालू कर दी जाएगी।