विभिन्न सामाजिक और राजनीतिक संगठनों ने बुधवार को मजदूर दिवस मनाया। श्रमिक संगठनों ने रैली निकाली। कार्यक्रमों में वक्ताओं ने कहा कि मजदूरों, कामगारों की मेहनत और लगन की बदौलत ही आज विश्व के सभी देश हर क्षेत्र में विकास कर रहे हैं।
परमार्थ समाज सेवी संस्थान एवं जल जन जोड़ो अभियान ने मलिन बस्ती गरियापुरा में लोगों को मजदूर दिवस का महत्व बताया। अभियान की राज्य समन्वयक शिवानी सिंह ने कहा कि आठ घंटे से अधिक मजदूरी कोई कराता है, तो वह आपके अधिकार का हनन है। चाइल्ड लाइन के जिला संयोजक अमरदीप बमोनिया ने संगठन की शक्ति के महत्व पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर हिमांशु विमल, सोनिया पस्तोर, दीपांशु सिंह, शहवाज खान, कैलाश बाबू मौजूद रहे। इधर, शहर कांग्रेस कमेटी के कार्यालय में मजदूर दिवस पर हुई गोष्ठी में पूर्व मंत्री प्रदीप जैन आदित्य ने कहा कि मजदूरों को उनकी न्यूनतम मजदूरी का भुगतान नहीं किया जा रहा है। हम सभी न्यूनतम मजदूरी भुगतान का समर्थन करते हैं। इस अवसर पर शहर अध्यक्ष इम्तियाज हुसैन, अनिल बट्टा, इदरीश खान, मजहर अली, मेवा लाल भंडारिया, अनिल रिछारिया मौजूद रहे। आजाद गंज व्यापार मंडल के सदस्यों ने सुभाष मार्केट में मजदूर दिवस पर सभी श्रमिकों का माला पहनाकर व मिठाई खिलाकर सम्मानित किया। इस अवसर पर अध्यक्ष प्रभु दयाल साहू, टंडन रोड व्यापार मंडल अध्यक्ष पंकज शुक्ला, नरेश बुंदेला, गणेश राम चौधरी, प्रदीप गुप्ता, अभिषेक चौधरी, श्याम भारद्वाज, अजय चढ्ढा मौजूद रहे। बुंदेलखंड क्रांति दल के कार्यक्रम में केंद्रीय अध्यक्ष सत्येंद्र पाल सिंह ने कहा कि आज भी मजदूरों का शोषण हो रहा है। सभी कारखानों और प्रतिष्ठानों में 12 घंटे का काम लिया जा रहा है। श्रम विभाग भी मजदूरों के शोषण पर मौन है। महानगर अध्यक्ष मोहम्मद नईम मंसूरी ने कहा कि रात में बैंड वालों के साथ लाइट लेकर चलने वाले अधिकांश बाल श्रमिक होते हैं। होटलों में भी श्रमिकों का जमकर शोषण हो रहा है। आठ घंटे के विपरीत उनसे 12 घंटे काम लिया जा रहा है। मजदूर सभा के अध्यक्ष लोकेंद्र सिंह ने कहा कि सूती मिल के मजदूरों के अवशेष का भुगतान सरकार करे। इस अवसर पर यशपाल सिंह, प्रदेश अध्यक्ष शरद प्रताप सिंह, अरविंद सिंह सिसौदिया, अजय सिंह मौजूद रहे। इधर, जिला संयुक्त ट्रेड यूनियन समन्वय समिति के तत्वावधान में चंद्रशेखर आजाद प्रतिमा आयकर तिराहा से रैली निकाली गई, जो गांधी भवन में सभा के रूप में परिवर्तित हुई।