समथर। क्षेत्र के बरनाया में बिजली आपूर्ति से संबंधित समस्याएं लगातार बढ़ती जा रही हैं। ग्रामीणों ने बताया कि अभी यहां 100 केवी का ट्रांसफार्मर लगा हुआ है। करीब पांच माह पहले गरौठा विधायक जवाहर लाल राजपूत ने बिजली विभाग के उच्चाधिकारियों से पत्राचार के माध्यम से 250 केवी ट्रांसफार्मर की मांग की थी। बावजूद इसके अभी तक अभी तक ट्रांसफार्मर नहीं बदला है।
ग्रामवासियाें ने बताया कि यहां पर कई सालों पहले डाले गए बिजली के तार जर्जर होकर लटकने लगे हैं। आए दिन इनके टूट के गिरने की शिकायतें आती रहती हैं और किसी दिन कोई बड़ी घटना होने की आशंका बनी रहती है। इस कारण लोग सीधे ट्रांसफार्मर से तार डालने को मजबूर हैं।
करीब एक साल पहले ऐसे ही नीचे लटके हुए तारों की चपेट में ट्रैक्टर-ट्रॉली आ गई थी। करंट लगने से एक व्यक्ति की मौत हो गई थी। तारों के लटकने व टूटने के कारण गाँव में कई बढ़ी घटनाएं हो चुकी हैं। बिजली के तारों का मेंटेनेंस नहीं होने के कारण खेतों, सड़कों और घरों के पास हवा में झूल रहे तार लोगों के लिए खतरा बन रहे हैं। आए दिन तारों के टूटने से घंटों तक बिजली आपूर्ति ठप हो जाती है। ग्रामीणों को कहना है कि यदि विद्युत व्यवस्था नहीं सुधारी गई तो बारिश के दौरान यह समस्या और बढ़ जाएगी जिससे न तो खेतों में समय से सिंचाई हो पाएगी और न ही रातों में नींद पूरी हो पाएगी। सीधे ट्रांसफार्मर से तार डालने से ट्रांसफार्मरों के पास तारों का मकड़जाल भी घटनाओं का कारण बन रहा है।
ग्राम प्रधान बरनाया यशवंत सिंह राजपूत ने बताया कि गांव में बिजली के तारों की स्थिति यह है कि जरा तेज हवा चलने पर ही तार टूट जाते हैं। इससे विद्युत आपूर्ति ठप हो जाती है। साथ ही दुर्घटना घटित होने का भी भय बना रहता है।
ग्रामीवासी शिवनारायण ने बताया कि कई बार शिकायत करने के बाद भी कोई सुनवाई नहीं हुई। नई केबल और ट्रांसफार्मर बदलने से गांव की बिजली व्यवस्था सुचारू रूप से चलने लगेगी।
ग्रामवासी भरत राजपूत बताते हैं कि गरौठा विधायक के विद्युत विभाग को पत्र लिखने के बावजूद भी कोई सुनवाई नहीं हुई। जर्जर तारों में दौड़ता करंट कब किस को चपेट में लेले कुछ कहा नहीं जा सकता।
विद्युत विभाग झांसी के अधिशाषी अभियंता रमाकांत दीक्षित ने बताया कि 2025-26 के प्लान में शासन को स्वीकृति के लिए भेजा गया है। स्वीकृत होते ही 250 केवी का ट्रांसफार्मर लगा दिया जाएगा।