शहर वासियों को जाम से मुक्ति दिलाने के लिए कोतवाली परिसर में अंडरग्राउंड पार्किंग बनाने का प्लान तैयार किया गया है। अफसरों की टीम ने कोतवाली के अलावा सीता होटल के पास, प्रदर्शनी ग्राउंड, नेत्र चिकित्सालय के पास और बस स्टैंड पर पार्किंग बनाने का मसौदा तैयार किया है। जिलाधिकारी की स्वीकृति मिलते ही काम शुरू कर दिया जाएगा।
जिलाधिकारी अजय कुमार शुक्ला ने यातायात व्यवस्था में सुधार के लिए यातायात पुलिस, नगर निगम, परिवहन विभाग और झांसी विकास प्राधिकरण के अफसरों की टीम गठित कर शहर का सर्वे कर ऐसे स्थलों को चिह्नित करने के निर्देश दिए थे, जहां पार्किंग बनाई जा सके। टीम ने एक सप्ताह पहले शहर के विभिन्न क्षेत्रों का भ्रमण किया था। पार्किंग को सबसे बड़ी समस्या मानते हुए टीम ने तय किया है कि कोतवाली परिसर में अंडरग्राउंड पार्किंग बनाई जाए।
कोतवाली का करीब दो सौ फिट लंबा और चालीस फिट चौड़ा मैदान है, जिसका कोई उपयोग नहीं है। यदि इसके नीचे पार्किंग स्थल बना दिया जाए तो पंचकुइयां और मानिक चौक क्षेत्र में वाहन पार्किंग की समस्या हल हो जाएगी। पं. परमानंद चौराहा स्थित महारानी लक्ष्मीबाई नेत्र चिकित्सालय के पास एक हजार वर्ग फिट से अधिक जमीन खाली पड़ी है। इस जमीन पर वाहन पार्किंग बना दी जाए तो यातायात सुगम हो सकता है। ये दोनों जमीनें पुलिस की हैं।
इलाइट चौराहा से सीपरी बाजार मार्ग पर सीता होटल के पास कारें सड़क पर पार्क हो रही हैं, इससे जाम की स्थिति बनती है। सीपरी बाजार का फ्लाईओवर शुरू होने के बाद इस मार्ग पर वाहनों की संख्या बढ़ेगी, जिससे जाम की स्थिति और खराब होगी। निरीक्षण के बाद तय किया गया कि प्रदर्शनी मैदान में पार्किंग स्थल बना दिया जाए। इसके लिए राजस्व विभाग की अनुमति लेनी पड़ेगी। इसी रोड पर आयकर विभाग का कार्यालय है, इसके पीछे भी जमीन खाली है। यहां पर भी वाहन पार्किंग बनाने की योजना है।
मेडिकल कालेज के गेट नंबर एक से तीन तक अतिक्रमण है। यहां पूरी पट्टी पर होटल और चाय की दुकानें खुली हैं, जिससे वाहन खड़े करने के लिए भी जगह नहीं बचती है। यहां पार्किंग बनने से अतिक्रमण भी साफ हो जाएगा और वाहन खड़े करने की सुविधा भी मिल जाएगी। रिसाला चुंगी के पास सदर तहसील रोड पर जमीन खाली पड़ी है, जहां पर पार्किंग बनाई जा सकती है। बस स्टैंड पर भी रेलिंग लगाकर अतिक्रमणकारियों को रोका जा सकता है तथा पार्किंग बन सकती है।
निर्देश के अनुसार होगा काम
जिलाधिकारी की मंशा के अनुरूप प्लान तैयार कर लिया है। जल्द ही उन्हें इस बारे में बताया जाएगा। इसके बाद वह जैसा निर्देश देंगे, उसी हिसाब से काम किया जाएगा।
- अरुण प्रकाश, नगर आयुक्त