गर्मियों में बिजली जाने पर पानी की किल्लत से महानगर वासियों को बचाने के लिए नलकूपों पर सोलर एनर्जी प्लांट लगाने की तैयारी चल रही है। इन नलकूपों पर कितना खर्चा आएगा, यह अभी तय नहीं है। महानगर में 29 नलकूपों से 75 हजार की आबादी को पानी की सप्लाई होती है।
सरकारी कुओं पर पंप लगाकर या बोर करके दी जाने वाली पानी की सप्लाई को नलकूप को कहा जाता है। जिन क्षेत्रों में टंकियों से पानी की सप्लाई नहीं पहुंच पाती है, उन क्षेत्रों में नलकूप लगाकर की पानी की व्यवस्था की जाती है। शहर में ज्यादातर नलकूप घनी आबादी में लगी हैं। ऐसे में बिजली न होने पर उससे जुड़े क्षेत्रों को पानी की समस्या का सामना करना पड़ता है। इससे बचने के लिए शासन नलकूपों पर सोलर प्लांट लगाने जा रहा है। योजना का एस्टीमेट तैयार हो रहा है। जल संस्थान के सहायक अभियंता एपी मिश्रा ने बताया कि झांसी के अलावा जालौन व ललितपुर के नगरीय क्षेत्र के ट्यूबवेलों पर भी सोलर प्लांट लगाने की योजना है।