झांसी। कोरोना संक्रमण के चलते स्पेशल ट्रेनों में लोग यात्रा करने से बच रहे हैं। आलम यह है कि लोगों ने अपने घूमने के प्लान कैंसिल कर दिए हैं। झांसी के रिर्जवेशन काउंटर पर आरक्षण कराने वालों से ज्यादा आरक्षण रद्द कराने वालों की संख्या अधिक है। गतिमान और शताब्दी एक्सप्रेस समेत तमाम स्पेशल ट्रेनें खाली दौड़ रही हैं। बीते चार दिनों में 859 यात्रियों ने अपने टिकट निरस्त कराए हैं। काउंटर पर बुकिंग से हो रही आय कम हो गई है। जबकि रिफंड अधिक हो रहा है।
पिछले साल लॉकडाउन के बाद एक जून से रेलवे ने स्पेशल ट्रेनों का संचालन शुरू किया था। अप्रैल में भी रेलवे ने तमाम स्पेशल ट्रेनों को पटरी पर दौड़ाया। इसमें गतिमान एक्सप्रेस का संचालन भी शुरू कर दिया गया। संक्रमण की रफ्तार कम होने के साथ लोगों ने घूमने के प्लान भी बना लिए थे। लेकिन अब संक्रमण बढ़ने के बाद आरक्षण तेजी से रद्द कराए जा रहे हैं। गतिमान और शताब्दी एक्सप्रेस को भी यात्री नहीं मिल पा रहे हैं। आलम यह है कि बीते चार दिनों में 859 आरक्षण रद्द हुए और रेलवे को करीब दो लाख रुपये रिफंड करने पड़े। हाल यह है कि आरक्षण कराने वालों से ज्यादा निरस्त कराने वालों की भीड़ उमड़ रही है। इस दौरान केवल लंबी दूरी वाली ट्रेनों में ही यात्री सफर कर रहे हैं। जिनमें प्रवासी मजदूरों की संख्या अधिक है। यात्रियों की संख्या कम होने के चलते रेलवे ने कई ट्रेनों का संचालन बंद भी कर दिया है।
गतिमान एक्सप्रेस चलती रहेगी
रेलवे ने रविवार को झांसी से हजरत निजामुद्दीन को चलने वाली गतिमान एक्सप्रेस का संचालन मंगलवार से बंद करने की घोषणा की थी, लेकिन सोमवार को रेलवे ने फैसले का निरस्त कर दिया। रेलवे अधिकारियों के मुताबिक गतिमान एक्सप्रेस का संचालन बंद नहीं होगा। यह ट्रेन अपने निर्धारित समय और ठहराव के साथ चलती रहेगी।