झांसी। भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में केंद्र के कई मंत्री और बड़े प्रभावशाली नेता भी आ रहे हैं। इनमें से कई का संबंध सीधे झांसी और आसपास के विकास से है। केंद्र सरकार की कई विकास परियोजनाएं झांसी चल रही हैं लेकिन इसमें कुछ ठप हैं, कुछ कछुआ गति से चल रही और कुछ ठंडे बस्ते में पड़ी हैं। विकास के कुछ महत्वपूर्ण प्रस्ताव केंद्र सरकार के पास विचाराधीन हैं। अब देखना यह है कि पूरे शहर को होर्डिंग से पाट देने वाले स्थानीय नेता क्या इन केंद्रीय मंत्रियों को इन सब बातों से अवगत कराएंगे? क्या उन्हें झांसी के विकास का कोई खाका तैयार करके देंगे और संबंधित मंत्री इस पर ध्यान देंगे? इन विकास योजनाओं एक नजर...
ओवरब्रिज की गेंद केंद्र के पाले में
सीपरी बाजार ओवरब्रिज का निर्माण दो साल पहले शुरू किया गया था। यह जून 2016 तक पूरा होना था। राज्य सेतु निगम ने अपने हिस्से का काम 95 फीसदी पूरा भी कर लिया है। लेकिन, रेलवे पर सुस्ती हावी है, जिससे यह काम लटक कर रह गया है। खामियाजा शहर के लोगों को भुगतना पड़ रहा है। सीपरी बाजार क्षेत्र की यातायात व्यवस्था व कारोबार बुरी तरह से प्रभावित है।
- तीन साल बाद भी नहीं चली इंटरसिटी
ग्वालियर-इंदौर इंटरसिटी झांसी से चलाने की घोषणा रेल मंत्रालय ने वर्ष 2013 में की थी, लेकिन यह अब तक नहीं चल पाई है। पहले रेलवे का कहना था कि 26 कोच का वाशिंग पिट न होने की वजह से यह ट्रेन नहीं चलाई जा पा रही है। लेकिन, अब यह भी बनकर तैयार हो गया है। बावजूद, झांसी के लोगों को अब तक इंटरसिटी का इंतजार ही बना हुआ है। जबकि, इसके लिए पूर्व में आंदोलन भी हो चुका है।
- कब होगा केन-बेतवा में गठबंधन?
जल संसाधन एवं नदी विकास मंत्री का पदभार संभालने के बाद क्षेत्रीय सांसद उमा भारती ने केन-बेतवा गठजोड़ की घोषणा की थी, ताकि बुंदेलखंड में लोगों को सूखे की समस्या का सामना न करना पड़े, लेकिन यह परियोजना भी अब तक फाइलों में ही कैद बनी हुई है। धरातल पर नहीं उतर पाई है। जबकि, बुंदेलखंड पिछले तीन साल से सूख की आग में झुलस रहा है।
बुंदेलों को राहत पैकेज का इंतजार
दैवी आपदाग्रस्त बुंदेलखंड को केंद्र सरकार के बुंदेलखंड राहत पैकेज की दूसरी किस्त का बेसब्री से इंतजार है। लेकिन, केंद्र में एनडीए सरकार बनने के बाद से अब तक इसके तहत एक पाई भी आवंटित नहीं की गई है। मालूम हो कि वर्ष 2011 में केंद्र की तत्कालीन यूपीए सरकार ने 7,456 करोड़ के पैकेज को मंजूरी दी थी। पहली किस्त में इसकी 49 फीसदी राशि ही मिल पाई थी।
इस बार स्मार्ट सिटी में मिलेगा चांस?
उत्तर प्रदेश के हिस्से में आने वाले बुंदेलखंड के केंद्र बिंदू झांसी महानगर को स्मार्ट सिटी मिशन योजना में शामिल कराने के लिए स्थानीय लोगों ने पिछले साल जोरशोर से कवायद की थी, लेकिन यह फलीभूत नहीं हो पाई। इस बार भी महानगर स्मार्ट सिटी की कतार में है। केंद्र की इस योजना में शामिल होने की पूरी कोशिश की गई है, अब इसमें कितनी सफलता मिलती है? यह सरकार पर निर्भर है।
हवाई अड्डे की भी है दरकार
झांसी में हवाई अड्डे की स्थापना के लिए पिछले डेढ़ दशक से कवायद की जा रही है। साल 2013 में इसके लिए एयरपोर्ट अथारिटी की टीम ने हवाई व स्थलीय सर्वे भी किया था। हवाई अड्डे के लिए झांसी तहसील के ग्राम सफा व चमरौआ में 200 हेक्टेअर भूमि भी चिह्नित कर ली गई थी, परंतु इसके बाद कार्यवाही आगे नहीं बढ़ पाई, जिससे हवाई अड्डा की परियोजना ठंडे बस्ते में पड़ी हुई है।
कैसे बुझेगी प्यास
-महानगर के लिए पेयजल महायोजना का खाका तैयार कर केंद्र को भेज दिया गया है। इस पर स्वीकृति भी मिल गई है लेकिन अभी तक एक धेला नहीं मिला है। इस योजना के तहत पेयजल संकट से त्रस्त इलाकों में पाइप लाइनें डाली जानी हैं। इसके अलावा शहर के अन्य हिस्सों में 24 घंटे पानी की आपूर्ति भी की जानी हैं। 916 करोड़ की यह योजना अमली जामा पहनती है तो अगले 40 साल पानी की कमी नहीं होगी।
संकल्प रथ को दिखाई हरी झंडी
झांसी। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य ने शुक्रवार को सीता होटल से संकल्प रथ 265 प्लस को हरी झंडी दिखाई। संकल्प रथ पर एलईडी स्क्रीन लगाई गई है, जिसकी मदद से मोदी सरकार की उपलब्धियों को जनता तक पहुुंचाया जाएगा। दो दिवसीय कार्यसमिति बैठक के दौरान यह रथ जनपद में भ्रमण करेगा। इस मौके पर क्षेत्रीय उपाध्यक्ष राजीव सिंह पारीछा आदि मौजूद थे।
राजनैतिक सहभागिता बढ़ाए खत्री समाज
झांसी। खत्री समाज के तत्वावधान में आयोजित समारोह में मुख्य अतिथि राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. रजनी सरीन का सम्मान किया गया।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि ने कहा कि समाज को संगठन के बल पर एकजुट होकर अपनी राजनैतिक सहभागिता बढ़ाना चाहिए। राजनीतिक सहभागिता समाज की उन्नति में सहायक होगी। समाज में आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों की उन्नति में सहायक कदम उठाना चाहिए। कार्यक्रम की अध्यक्षता संगठन मंत्री विजय खन्ना ने की। कार्यक्रम का संचालन गौरव अरोरा ने किया।
इसे भी भाजपा कार्यसमिति बैठक में विकास की खबर के साथ लगाएं
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सीपरी बाजार ओवरब्रिज जल्दी बनवाएं
कारोबारियों की मांग
झांसी। सीपरी बाजार व्यापार महासमिति के तत्वावधान में कारोबारियों ने चित्रा चौराहे पर पैदल मार्च निकालकर मंडलायुक्त को ज्ञापन सौंपा।
व्यापारियों ने कहा कि सीपरी बाजार में करीब ढाई साल सेतु निगम द्वारा ओवरब्रिज का निर्णय कार्य किया जा रहा है। मौजूदा समय में यह निर्माण पूरा हो चुका है। ज्ञापन में कहा गया कि ओवरब्रिज के दोनों ओर फाइनल सर्विस रोड के निर्माण की मांग प्रस्तावित है। इसके साथ ही नगर निगम द्वारा स्टील रेलिंग से कवर्ड पार्किंग, सुलभ शौचालय व पर्यावरण प्लेटफॉर्म निर्माण, स्ट्रीट लाइटों के खंभे व लाइट लगाना प्रस्तावित है। मंडलायुक्त से प्रस्तावित कार्यों को करवाने की मांग की। इस दौरान संजय पटवारी, संतोष साहू, महामंत्री चौधरी फिरोज, समाजसेवी राकेश सेन, नीलू, नरेश बुंदेला, प्रभुदयाल साहू, उदय सोनी मौजूद रहे।
रेल योजनाओं का उद्घाटन और लोकार्पण
झांसी। रेल एवं संचार राज्य मंत्री मनोज सिन्हा शनिवार की सुबह दस बजे रेलवे स्टेशन पर वाई- फाई इंटरनेट सेवा और वॉटर वेंडिंग मशीन का शुभारंभ करेंगे। साथ ही ललितपुर पावर जनरेशन कंपनी की उदयपुरा रेलवे साइडिंग तथा हिंदुस्तान पेट्रोलियम कार्पोरेशन लिमिटेड की रसूलपुर गोगामऊ रेलवे साइडिंग का लोकार्पण एवं ललितपुर उदयपुरा रेलवे खंड विद्युतीकरण का शिलान्यास करेंगे। इस अवसर पर राज्य सभा सांसद डॉ. चंद्रपाल सिंह यादव भी मौजूद रहेंगे।
झांसी। भारतीय जनता पार्टी प्रदेश कार्यसमिति की बैठक के एक दिन पहले शुक्रवार को भाजपाइयों ने प्रचार में पूरी ताकत झोंक दी। मुख्य मार्गों के इर्दगिर्द बेतरतीब ढंग से होर्डिंग-पैनल खड़े कर दिए गए। इसके अलावा ग्वालियर रोड व उन्नाव बालाजी रोड पर जगह-जगह स्वागत द्वार बना दिए गए। प्रचार की होड़ में जुटे भाजपा नेताओं की इस हरकत से लोगों को आवागमन में भारी परेशानी उठानी पड़ी।
भाजपा की प्रांतीय कार्यसमिति की बैठक के मद्देनजर शनिवार और इतवार को शहर में भाजपा के दिग्गज नेताओं का डेरा रहेगा। स्थानीय नेताओं में होर्डिंग लगाने की होड़ चरम पर पहुंच गई। शहर के सभी प्रमुख मार्गों के किनारे अवैध होर्डिंग लगा दिए हैं। जबकि, डिवाइडर पर बड़े-बड़े पैनल खड़े कर दिए गए हैं। इससे सड़कों का यातायात बुरी तरह से प्रभावित बना हुआ है। कदम-कदम पर दुर्घटना का खतरा बना हुआ है। लेकिन, भाजपाइयों को इससे कोई सरोकार नहीं है। शुक्रवार को भी उनका यह क्रम जारी रहा। बैठक से ठीक एक दिन पहले नगर में जगह-जगह भाजपा के झंडे लगा दिए गए। इसके अलावा जहां जगह मिली वहां बांस-बल्लियों के सहारे होर्डिंग खड़े कर दिए गए। नगर निगम और प्रशासन भाजपा की इस हरकत पर चुप्पी साधे रहा। नगर निगम ने वृहस्पतिवार को कुछ होर्डिंग हटाए थे लेकिन शुक्रवार को हाथ पर हाथ धर कर बैठ गया।