झांसी। इन दिनों शहर को वायरल ने जकड़ रखा है। दवा खाने पर अमूमन तीन से पांच दिन में वायरल फीवर उतर जाता है लेकिन इस बार ऐसा नहीं है। बीमारी ठीक होने में आठ से दस दिन लग रहे हैं। यह वायरल बुखार अपने साथ खासी, खराश, जुकाम औक शरीर की टूटन को साथ लेकर आया है। अस्पतालों और क्लिनिकों में मरीजों की बाढ़ है। बच्चे - बढ़े सभी इसकी गिरफ्त में हैं। यदि बुखार दो-तीन दिन के भीतर नहीं उतर रहा है तो तत्काल विशेषज्ञ चिकित्सक से संपर्क करें और खून की जांच करवाएं। जिला अस्पताल की ओपीडी में रोज चार सौ से अधिक मरीज आ रहे हैं।
बारिश, नमी और गर्मी के इस मिलेजुले मौसम में वायरल शहर में घुस चुका है। विशेषज्ञ चिकित्सकों का कहना है कि पिछले सालों की तुलना में इस बार वायरल बेहद स्ट्रांग और जिद्दी है। इसी का नतीजा है कि वायरल से निजात पाने में दस दिन से भी अधिक समय लग रहा है। शरीर में टूटन महसूस होती रहती है। साथ ही खांसी व गले की खराश ठीक होने में 10-15 दिन लग जाते हैं। हर आयु वर्ग के लोगों को यह तेजी से अपनी चपेट में ले रहा है। सतर्कता की जरूरत है। बुखार आते ही डाक्टर की सलाह लें। वायरल ठीक होने के बाद भी सतर्कता बरतें।
लक्षण
- शरीर का तापमान 101 से 103 डिग्री तक पहुुंच जाता है
- खांसी और जुकाम होना
- जोड़ों में दर्द और सूजन होना
- थकान और गले में खराश रहना
- नाक बहना
- बदन में दर्द होना
- भूख न लगना
- उठने में कमजोरी महसूस करना
- सिरदर्द होना
ऐसे करें बचाव
- पानी खूब पीएं, इससे डिहाईड्रेशन के अलावा शरीर पर हमला करने वाले माइक्रोआर्गेनिज्म से मुक्ति पाने में मदद मिलती है।
- हरी और पत्तेदार सब्जियों का सेवन करें, इनमें पानी की मात्रा अधिक होती है, जिससे डिहाईड्रेशन नहीं होता
- दही खाएं, इससे बैक्टीरिया से लड़ने में सहायता मिलती है।
- तुलसी के पत्ते खाएं, इससे खांसी, जुकाम, बुखार और सांस संबंधी रोगों से लड़ने की शक्ति होती है।
- हल्का खाना खाएं, लिक्विड अधिक लें
इस बार स्ट्रांग है वायरल का जीन
वायरल बुखार आसानी से उतर नहीं रहा है। मरीज को पूरी तरह से दुरुस्त होने में 15 दिन लग रहे हैं। इस बार वायरल जीन स्ट्रांग है। बेहतर हो कि पानी को उबाल कर पीएं। पानी की कमी से व गंदे पानी से वायरल तेजी से पनपता है। इसके अलावा खान पान का विशेष ख्याल रखा जाना जरूरी है। एक बार में ही ज्यादा न खाएं। थोड़ा-थोड़ा कई बार खाएं। बाहर की चीजों से बचें।
- डा. राजीव जैन, डायरेक्टर, सिंघई हेल्थकेयर मल्टीस्पेशियलिटी हॉस्पिटल
स्वास्थ्य विभाग अलर्ट
स्वास्थ्य विभाग को अलर्ट कर दिया गया है। सरकारी अस्पतालों में दवा के पर्याप्त इंतजाम हैं। जांच की भी व्यवस्था है। थोड़ी सी भी तबीयत खराब होने पर तत्काल अस्पताल से दवा लें। भीड़भाड़ से बचें। बुखार के मरीजों के इलाज के लिए चिकित्सकों को विशेष निर्देश जारी किए गए हैं।
- डा. विनोद यादव, मुख्य चिकित्साधिकारी