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गदर क्रांति का गवाह स्टार फोर्ट देखने को उमड़ी भीड़

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jhansi news - फोटो : amarujala
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झांसी। सन् 1857 की गदर क्रांति का गवाह स्टार फोर्ट मंगलवार से लोगों के लिए खोल दिया गया। पहले दिन ही जमकर भीड़ उमड़ी। 890 लोगों ने सभी कक्षों का भ्रमण कर उसकी महत्ता व इतिहास को समझा। इस अवसर पर चित्र प्रदर्शनी भी लगाई गई, जिसमें वीरांगना रानी लक्ष्मीबाई के युद्ध के दृश्य और पुराने दस्तावेजों प्रस्तुत किए गए। इस मौके पर युवा मोबाइल से सेल्फी लेते भी दिखे। स्टार फोर्ट को आम नागरिक बुधवार को भी देख सकेंगे।
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सदर बाजार की छावनी इलाके में स्थित यह किला साल में दो दिन ही जनता के लिए खोला जाता है। मंगलवार को दोपहर 3:30 बजे से लोगों का पहुंचना शुरू हुआ। जिन्होंने स्टार फोर्ट के कक्षों और उसके गुंबदों को देखा। इस दौरान पुलिंद कला दीर्घा के अध्यक्ष मुकुंद मेहरोत्रा ने सैलानियों को स्टार फोर्ट के महत्व पर जानकारी दी। उन्होंने बताया कि चार जून 1857 को स्वराज के लिए 12 इंफेंट्री व 14 कैवलरी ने मिलकर सबसे पहले स्टार फोर्ट में क्रांति की शुरूआत की थी। नौगांव छावनी से झांसी पहुंची 12 बंगाल इंफेंट्री ने 14 कैवलरी के साथ मिलकर स्टार फोर्ट पर कब्जा कर लिया था। स्टार फोर्ट उस काल में अंग्रेजी सरकार का एक महत्वपूर्ण किला था। जमींदारों व राजाओं से वसूला जाने वाला लगान किले के कोषागार में रखा जाता था। लगान न देने पर अंग्रेजी सैनिक जमींदारों व राजाओं को फोर्ट की जेल में कै द कर लेते थे। अंग्रेजों की ईस्ट इंडिया कंपनी ने 1820-22 में स्टार फोर्ट का निर्माण कराया, जो तारे के आकार में है। यह निर्माण अंग्रेजों ने खजाना और गोला बारूद सुरक्षित रखने के लिए कराया था। स्टार फोर्ट में 19 कक्ष हैं, जो गोलाई व चौकोर में हैं। इन कक्षों के ऊपर गुंबद भी है, जिनमें बारूद की गैस निकलते रहने के लिए छेद बनाए गए थे। स्टार फोर्ट के अवलोकन अवसर पर भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग के ऑर्कोलाजिस्ट डॉ. राजेंद्र यादव, उप अधीक्षणविद मनोज कुमार सक्सेना, राज्य पुरातत्व विभाग के पुरातत्व अधिकारी डॉ. एसके दुबे, डॉ. नीति शास्त्री, संरक्षण सहायक अभिषेक, सोनू रंजन, सुनील मौजूद रहे।

आज भी देख सकते
स्टार फोर्ट बुधवार को भी आम लोगों के लिए खोला जाएगा। सदर बाजार के छावनी इलाके में स्थित यह किला साल में दो दिन ही जनता के लिए खोला जाता है। दोपहर 3.30 से शाम 6.30 बजे तक इसे देखा जा सकता है। अंदर जाने के लिए अपना पहचान पत्र जरूर ले जाएं।
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यह है हमारी विरासत, इसे विश्व व्यापी पहचान मिले
झांसी। स्टार फोर्ट को देखकर युवा एवं अन्य सैलानी काफी उत्साहित नजर आए। अमर उजाला से बातचीत में इन्होंने कहा कि यह हमारी ऐतिहासिक विरासत है। इसे संवारना चाहिए और पर्यटन विजिट में भी शामिल करना चाहिए। इसका विश्वव्यापी महत्व है। इसके लिए प्रचार-प्रसार आवश्यक है।   

स्टार फोर्ट को पहली बार देखने आई हूं। इसको लेकर बेहद उत्साहित हूं। इसकी वास्तुकला एवं दीवारें आज भी बेहद मजबूत हैं। इसका विकास आवश्यक है। - अर्शी खान, मिशन कंपाउंड।

स्टार फोर्ट का महत्व हमारे देश की क्रांति में अहम है। ब्रिटिश काल में बने इसके गुंबद बहुत आकर्षक लग रहे हैं। जिन पर बंदूक की गोलियों का प्रभाव नहीं होता था। - अभिजीत निगम, आवास विकास।

इस ऐतिहासिक विरासत की पहचान विश्वव्यापी होनी चाहिए। यहां विद्यार्थियों को शैक्षिक भ्रमण भी कराना चाहिए। ताकि, वह इस अनूठी इमारत से परिचित हो सकें। - आयुषी, नगरा।

स्टार फोर्ट का रखरखाव जरूरी है। यह देश की अहम संपत्ति है। इसे सामान्य दिनों में भी लोगों को देखने के लिए खोलना चाहिए। पर्यटन विजिट भी शामिल हो। - नरेंद्र गोस्वामी, खंडेराव गेट।
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